पाकिस्तान क्रिकेट टीम इस समय इंग्लैंड के दौरे पर बेहद खराब दौर से गुजर रही है। दोनों टीमों के बीच खेली जा रही तीन टेस्ट मैचों की सीरीज के शुरुआती दो मुकाबले खेले जा चुके हैं और पाकिस्तान को दोनों में करारी हार का सामना करना पड़ा है। दूसरे टेस्ट में मिली हार के साथ ही पाकिस्तान ने सीरीज भी गंवा दी है। इस खराब प्रदर्शन के बीच टीम के नाम एक ऐसा शर्मनाक रिकॉर्ड दर्ज हो गया है, जो करीब चार दशक बाद देखने को मिला है।
चार पारियों में एक बार भी 200 के पार नहीं पहुंची टीम
इंग्लैंड के खिलाफ मौजूदा टेस्ट सीरीज में पाकिस्तान की बल्लेबाजी बेहद निराशाजनक रही है। टीम अब तक चार पारियां खेल चुकी है, लेकिन किसी भी पारी में 200 रन का आंकड़ा पार नहीं कर सकी। पहले टेस्ट की पहली पारी में पाकिस्तान की टीम महज 117 रन पर सिमट गई थी। इसके बाद दूसरी पारी में भी बल्लेबाज कुछ खास नहीं कर सके और पूरी टीम 135 रन पर आउट हो गई।
पहले टेस्ट में पाकिस्तान को पारी और 103 रन से हार का सामना करना पड़ा। इसके बाद दूसरे टेस्ट में भी टीम की स्थिति नहीं सुधरी। पाकिस्तान ने पहली पारी में केवल 110 रन बनाए, जबकि दूसरी पारी में टीम 194 रन तक ही पहुंच सकी। इंग्लैंड ने यह मुकाबला 194 रन से अपने नाम किया।
जीत से ज्यादा टेस्ट मैच हार चुका है पाकिस्तान
दूसरे टेस्ट में हार के बाद पाकिस्तान क्रिकेट टीम के टेस्ट इतिहास में एक बेहद खराब आंकड़ा सामने आया है। पाकिस्तान ने अब तक कुल 473 टेस्ट मैच खेले हैं। इनमें टीम ने 153 मुकाबलों में जीत दर्ज की है, जबकि 154 टेस्ट मैचों में उसे हार मिली है। वहीं, 166 मुकाबले ड्रॉ रहे हैं।
इसका मतलब है कि पाकिस्तान ने अपने टेस्ट इतिहास में पहली बार जीत से ज्यादा मुकाबले गंवा दिए हैं। यह स्थिति पाकिस्तान क्रिकेट के लिए निश्चित तौर पर चिंता बढ़ाने वाली है।
1987 के बाद पहली बार आया ऐसा दिन
पाकिस्तान के टेस्ट रिकॉर्ड में इससे पहले ऐसा आंकड़ा साल 1987 में देखने को मिला था। उस समय पाकिस्तान ने 170 टेस्ट मैच खेले थे, जिसमें उसे 39 मुकाबलों में जीत और 40 मैचों में हार मिली थी। इसके बाद टीम ने लगातार बेहतर प्रदर्शन करते हुए जीत और हार के आंकड़ों में सुधार किया था।
लेकिन अब लगभग चार दशक बाद पाकिस्तान फिर उसी स्थिति में पहुंच गया है। इंग्लैंड के खिलाफ लगातार दो हार के बाद टीम के टेस्ट इतिहास में हार की संख्या जीत से आगे निकल गई है।
बाबर आजम की कप्तानी पर भी उठ रहे सवाल
बाबर आजम की कप्तानी में पाकिस्तान टीम के प्रदर्शन को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं। टीम की बल्लेबाजी लगातार संघर्ष कर रही है और इंग्लैंड जैसी मजबूत टीम के सामने पाकिस्तान के बल्लेबाज बड़ी पारियां खेलने में नाकाम रहे हैं। चार पारियों में 200 रन का आंकड़ा पार नहीं कर पाना टीम की मौजूदा बल्लेबाजी कमजोरी को साफ तौर पर दर्शाता है।
तीन मैचों की सीरीज में पाकिस्तान अब 0-2 से पीछे है। ऐसे में तीसरा टेस्ट उसके लिए अपनी प्रतिष्ठा बचाने का आखिरी मौका होगा। टीम की नजर अब सीरीज के आखिरी मुकाबले में बेहतर प्रदर्शन कर हार के सिलसिले को रोकने पर होगी। हालांकि, मौजूदा प्रदर्शन को देखते हुए पाकिस्तान के लिए वापसी करना आसान नहीं रहने वाला है।

