26 Apr 2026, Sun

PNG Price Hike: पाइप से किचन तक सप्लाई होने वाली गैस भी हुई महंगी, अगली बार ज्यादा आएगा बिल

PNG गैस हुई महंगी: दिल्ली-एनसीआर समेत कई शहरों में बढ़े दाम, घरेलू बजट पर बढ़ा दबाव

महंगाई से जूझ रहे आम लोगों को एक और बड़ा झटका लगा है। अब LPG सिलेंडर के बाद पाइपलाइन से घरों तक पहुंचने वाली गैस यानी PNG (पाइप्ड नेचुरल गैस) भी महंगी हो गई है। इंद्रप्रस्थ गैस लिमिटेड ने दिल्ली-एनसीआर सहित कई शहरों में PNG की कीमतों में बढ़ोतरी कर दी है, जो 1 अप्रैल 2026 से लागू हो चुकी है। इस फैसले का सीधा असर आम उपभोक्ताओं की रसोई के बजट पर पड़ने वाला है।

राजधानी दिल्ली में PNG की नई कीमत 49.59 रुपये प्रति मानक घन मीटर (SCM) तय की गई है, जो पहले 47.89 रुपये प्रति SCM थी। यानी उपभोक्ताओं को अब प्रति SCM 1.70 रुपये अधिक चुकाने होंगे। इसी तरह नोएडा, ग्रेटर नोएडा और गाजियाबाद में भी कीमतों में बढ़ोतरी की गई है, जहां दर 47.76 रुपये से बढ़ाकर 49.46 रुपये प्रति SCM कर दी गई है।

केवल दिल्ली-एनसीआर ही नहीं, बल्कि अन्य शहरों में भी PNG महंगी हुई है। मेरठ, मुजफ्फरनगर और शामली में कीमत 47.35 रुपये से बढ़कर 48.35 रुपये प्रति SCM हो गई है। वहीं राजस्थान के अजमेर, पाली और राजसमंद में अब उपभोक्ताओं को 48.27 रुपये प्रति SCM चुकाने होंगे। उत्तर प्रदेश के कानपुर, फतेहपुर, हमीरपुर और चित्रकूट में भी दरें बढ़ाकर 48.95 रुपये प्रति SCM कर दी गई हैं।

गैस कंपनियों के मुताबिक, इस बढ़ोतरी के पीछे मुख्य वजह अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल और प्राकृतिक गैस की कीमतों में लगातार हो रहा इजाफा है। खासतौर पर पश्चिम एशिया में चल रहे भू-राजनीतिक तनाव के कारण सप्लाई चेन प्रभावित हुई है, जिससे गैस के आयात और परिवहन की लागत बढ़ गई है। यही बढ़ी हुई लागत अब उपभोक्ताओं पर डाली जा रही है।

PNG की कीमतों में यह बढ़ोतरी ऐसे समय में हुई है जब पहले से ही घरेलू रसोई का खर्च बढ़ चुका है। हाल ही में घरेलू LPG सिलेंडर के दाम में भी करीब 60 रुपये की बढ़ोतरी हुई थी। वहीं कमर्शियल गैस सिलेंडर की कीमतों में भी लगातार इजाफा देखा गया है। ऐसे में अब PNG महंगी होने से शहरी इलाकों में रहने वाले परिवारों के मासिक खर्च पर अतिरिक्त बोझ पड़ना तय है।

विशेषज्ञों का मानना है कि PNG की कीमतों में बढ़ोतरी का असर सिर्फ रसोई तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि इसका प्रभाव छोटे व्यवसायों और रेस्टोरेंट सेक्टर पर भी पड़ सकता है, जहां पाइप्ड गैस का उपयोग बड़े पैमाने पर किया जाता है।

कुल मिलाकर, PNG की कीमतों में यह बढ़ोतरी आम आदमी के लिए एक और चुनौती बनकर सामने आई है। यदि वैश्विक बाजार में ऊर्जा कीमतों में जल्द राहत नहीं मिलती, तो आने वाले समय में गैस के दाम और बढ़ने की आशंका से भी इनकार नहीं किया जा सकता।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *