16 Apr 2026, Thu

पोप लियो के बाद ट्रंप ने इटली की प्रधानमंत्री मेलोनी पर बोला हमला, ईरान युद्ध में सपोर्ट नहीं करने का आरोप

ईरान युद्ध पर अमेरिका-इटली में दरार, Donald Trump का Giorgia Meloni पर तीखा हमला

मिलान/वाशिंगटन: ईरान को लेकर बढ़ते वैश्विक तनाव के बीच अमेरिका और उसके पारंपरिक सहयोगी इटली के रिश्तों में दरार साफ नजर आने लगी है। अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने इटली की प्रधानमंत्री Giorgia Meloni पर कड़ा हमला बोलते हुए उनके रुख को “निराशाजनक” बताया है। यह विवाद उस समय सामने आया जब मेलोनी ने ईरान के खिलाफ अमेरिका-इजरायल की सैन्य कार्रवाई का समर्थन करने से इनकार कर दिया।

ट्रंप की नाराजगी खुलकर सामने

एक इंटरव्यू में Donald Trump ने कहा, “मुझे लगा था कि उनमें साहस है, लेकिन मैं गलत था।” उन्होंने यह भी साफ किया कि जो देश अमेरिका के साथ इस मुद्दे पर खड़ा नहीं होगा, उसके साथ संबंध पहले जैसे नहीं रहेंगे। ट्रंप के इस बयान को सीधे तौर पर इटली पर दबाव बनाने की कोशिश माना जा रहा है।

ट्रंप ने फॉक्स न्यूज से बातचीत में दोहराया कि उनके और मेलोनी के रिश्ते अब पहले जैसे नहीं रहे। उन्होंने यह भी बताया कि दोनों नेताओं के बीच काफी समय से कोई बातचीत नहीं हुई है।

मेलोनी का सख्त रुख

दूसरी ओर Giorgia Meloni ने साफ कर दिया है कि इटली इस युद्ध में भाग नहीं लेगा। उन्होंने अमेरिका के उस प्रस्ताव को भी ठुकरा दिया, जिसमें सिसिली के एयरबेस पर अमेरिकी बमवर्षक विमानों को उतरने की अनुमति मांगी गई थी।

मेलोनी ने हाल ही में ट्रंप के पोप पर दिए गए बयान को “अस्वीकार्य” करार दिया था, जिसके बाद दोनों नेताओं के बीच तनाव और बढ़ गया। हालांकि, उन्होंने ट्रंप के ताजा हमलों पर अभी तक सीधी प्रतिक्रिया नहीं दी है।

यूरोप में ट्रंप की छवि पर असर

विशेषज्ञों का मानना है कि इस टकराव का असर यूरोप में अमेरिका की छवि पर पड़ सकता है। जॉन्स हॉपकिन्स यूनिवर्सिटी की प्रोफेसर नाथाली टोची के अनुसार, “ट्रंप यूरोप और दुनिया के कई हिस्सों में अब काफी विवादित हो चुके हैं। यह स्थिति मेलोनी के लिए राजनीतिक रूप से फायदेमंद भी साबित हो सकती है।”

इटली की घरेलू राजनीति भी अहम

मेलोनी हाल ही में जनमत संग्रह में मिली हार और बढ़ती ऊर्जा कीमतों जैसी चुनौतियों से जूझ रही हैं। ऐसे में ईरान युद्ध से दूरी बनाना उनके लिए घरेलू स्तर पर एक रणनीतिक फैसला माना जा रहा है।

NATO और गठबंधन पर असर?

हालांकि इटली सरकार ने स्पष्ट किया है कि इस विवाद का असर दोनों देशों के व्यापक संबंधों पर नहीं पड़ेगा। इटली के कैबिनेट मंत्री अदोल्फो उर्सो ने कहा कि अमेरिका और इटली नाटो जैसे अंतरराष्ट्रीय मंचों पर सहयोग जारी रखेंगे।

निष्कर्ष

कुल मिलाकर, ईरान युद्ध ने अमेरिका और यूरोप के बीच नई राजनीतिक दरार पैदा कर दी है। Donald Trump और Giorgia Meloni के बीच बढ़ता तनाव आने वाले समय में वैश्विक कूटनीति को प्रभावित कर सकता है। अब यह देखना अहम होगा कि दोनों देश अपने रिश्तों को संतुलित रख पाते हैं या यह टकराव और गहराता है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *