ट्रंप का बड़ा दावा: ईरान से जुड़े 7 ‘फास्ट बोट्स’ को अमेरिका ने नष्ट किया, स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज में तनाव बढ़ा
अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सोमवार (स्थानीय समयानुसार) एक बड़ा दावा करते हुए कहा कि अमेरिकी सेना ने ईरान से जुड़ी सात छोटी “फास्ट बोट्स” को नष्ट कर दिया है। ट्रंप के अनुसार, यह कार्रवाई अंतरराष्ट्रीय शिपिंग मार्गों की सुरक्षा को लेकर की गई है और इसके बाद पश्चिम एशिया में तनाव और अधिक बढ़ गया है, खासकर स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज के आसपास।
ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘ट्रुथ सोशल’ पर पोस्ट करते हुए कहा कि ईरान अंतरराष्ट्रीय समुद्री व्यापार को निशाना बनाने की कोशिश कर रहा था, जिसके जवाब में अमेरिका ने सख्त कदम उठाया। उन्होंने लिखा, “हमने सात छोटी नावें, जिन्हें वे ‘फास्ट बोट’ कहना पसंद करते हैं, नष्ट कर दी हैं। उनके पास अब बहुत कम विकल्प बचे हैं।”
ट्रंप ने आगे दावा किया कि ईरान ने कई देशों के जहाजों को निशाना बनाने की कोशिश की, जिनमें दक्षिण कोरिया का एक मालवाहक जहाज भी शामिल था। उन्होंने दक्षिण कोरिया से अपील की कि वह अमेरिका के इस मिशन में सहयोग करे ताकि अंतरराष्ट्रीय समुद्री मार्ग सुरक्षित रह सकें।
इस बीच, योनहाप न्यूज एजेंसी की रिपोर्ट के अनुसार, दक्षिण कोरियाई कंपनी HMM Co. द्वारा संचालित एक मालवाहक जहाज में सोमवार रात संयुक्त अरब अमीरात (UAE) के पास अचानक विस्फोट और आग लगने की घटना हुई। यह जहाज पनामा के झंडे के तहत चल रहा था और इसमें कुल 24 चालक दल के सदस्य सवार थे, जिनमें 6 दक्षिण कोरियाई और 18 विदेशी नागरिक शामिल थे। राहत की बात यह है कि अब तक किसी के हताहत होने की सूचना नहीं मिली है। अधिकारियों द्वारा घटना की जांच की जा रही है और यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि क्या यह कोई बाहरी हमला था।
ट्रंप प्रशासन ने इससे पहले रविवार को ‘प्रोजेक्ट फ्रीडम’ नामक एक नया अभियान शुरू किया था। अमेरिकी मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, यह मिशन अंतरराष्ट्रीय जहाजों को सुरक्षा प्रदान करने के लिए शुरू किया गया है, हालांकि ट्रंप इसे केवल “एस्कॉर्ट” नहीं बल्कि एक “गाइड” मिशन के रूप में देख रहे हैं।
ट्रंप ने इस अभियान से जुड़ा एक ग्राफिक भी साझा किया, जिसमें अमेरिकी सैन्य ताकत को 100% ऑपरेशनल दिखाया गया है, जबकि ईरानी सैन्य संपत्तियों को पूरी तरह नष्ट बताया गया है। इस ग्राफिक में ईरान के सर्वोच्च नेता अली खामेनेई की तस्वीर पर लाल X का निशान भी दिखाया गया, जिसे लेकर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चर्चा तेज हो गई है।
इस पूरे घटनाक्रम के बाद स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज क्षेत्र में तनाव और बढ़ गया है, क्योंकि यह दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण तेल परिवहन मार्गों में से एक माना जाता है। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि स्थिति और बिगड़ती है, तो इसका असर वैश्विक तेल आपूर्ति और समुद्री व्यापार पर भी पड़ सकता है।

