रूस और यूक्रेन के बीच जारी युद्ध एक बार फिर नए और गंभीर मोड़ पर पहुंचता दिखाई दे रहा है। रूस ने यूक्रेन की राजधानी कीव में मौजूद रक्षा और सैन्य बुनियादी ढांचे पर बड़े पैमाने पर हमले करने की चेतावनी दी है। इसके साथ ही रूस ने कीव में रह रहे विदेशी नागरिकों, राजनयिकों और अंतरराष्ट्रीय संगठनों के कर्मचारियों से जल्द से जल्द शहर छोड़ने की अपील की है। इस घटनाक्रम ने युद्ध की स्थिति को और अधिक तनावपूर्ण बना दिया है।
रूसी विदेश मंत्रालय ने मंगलवार को जारी एक बयान में कहा कि उसकी सेना ने कीव स्थित यूक्रेन के रक्षा उद्योग से जुड़े संस्थानों पर “सुनियोजित और लगातार हमले” शुरू कर दिए हैं। मंत्रालय के अनुसार इन लक्ष्यों में ड्रोन के डिजाइन, निर्माण, प्रोग्रामिंग और संचालन से संबंधित सुविधाएं शामिल हैं। रूस का आरोप है कि यूक्रेन इन ड्रोनों का उपयोग NATO देशों के विशेषज्ञों की सहायता से कर रहा है, जो उसे तकनीकी उपकरण, कल-पुर्जे और खुफिया जानकारी उपलब्ध कराते हैं।
रूस का कहना है कि यूक्रेनी सैन्य ढांचे से जुड़े इन ठिकानों को निशाना बनाना उसकी सुरक्षा रणनीति का हिस्सा है। रूसी अधिकारियों के अनुसार, हाल के महीनों में रूस के भीतर नागरिक इलाकों और बुनियादी ढांचे पर हुए हमलों के जवाब में यह कार्रवाई की जा रही है। विदेश मंत्रालय ने दावा किया कि ये हमले यूक्रेन की सैन्य क्षमताओं को कमजोर करने के उद्देश्य से किए जा रहे हैं।
बढ़ते खतरे को देखते हुए रूस ने विदेशी नागरिकों को चेतावनी जारी की है। मंत्रालय ने कहा कि चूंकि सैन्य और प्रशासनिक प्रतिष्ठान पूरे कीव शहर में फैले हुए हैं, इसलिए किसी भी समय बड़े पैमाने पर हमले हो सकते हैं। रूस ने विदेशी नागरिकों, दूतावास कर्मियों और अंतरराष्ट्रीय संगठनों के प्रतिनिधियों से जल्द से जल्द राजधानी छोड़ने का अनुरोध किया है। साथ ही कीव के स्थानीय निवासियों को भी सैन्य और प्रशासनिक इमारतों के आसपास न जाने की सलाह दी गई है।
इस चेतावनी से पहले यूक्रेन के स्टारोबिल्स्क क्षेत्र में एक बड़ा ड्रोन हमला हुआ था, जिसे अब तक के सबसे घातक हमलों में से एक माना जा रहा है। रिपोर्टों के अनुसार इस हमले में 18 लोगों की मौत हो गई जबकि 42 अन्य घायल हुए। इस घटना के बाद क्षेत्र में सुरक्षा चिंताएं और बढ़ गई हैं।
इसी बीच अमेरिका और रूस के बीच भी कूटनीतिक स्तर पर बातचीत हुई है। अमेरिकी विदेश मंत्री Marco Rubio और रूसी विदेश मंत्री Sergey Lavrov के बीच फोन पर बातचीत हुई, जिसमें रूस-यूक्रेन युद्ध, द्विपक्षीय संबंधों और ईरान की स्थिति पर चर्चा की गई। अमेरिकी विदेश विभाग के अनुसार दोनों नेताओं ने मौजूदा हालात पर विचारों का आदान-प्रदान किया।
रूसी विदेश मंत्रालय ने बताया कि इस बातचीत के दौरान लावरोव ने कीव स्थित यूक्रेनी सैन्य ठिकानों पर हमले तेज करने के रूस के फैसले की जानकारी भी दी। युद्ध के बढ़ते दायरे और राजधानी कीव पर संभावित बड़े हमलों की आशंका ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय की चिंता बढ़ा दी है। आने वाले दिनों में स्थिति किस दिशा में जाएगी, इस पर दुनिया की निगाहें टिकी हुई हैं।

