टेस्ट क्रिकेट में सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले गेंदबाजों की बात होती है तो मुथैया मुरलीधरन, शेन वॉर्न, जेम्स एंडरसन और अनिल कुंबले जैसे दिग्गजों के नाम सबसे पहले सामने आते हैं। दिलचस्प बात यह है कि टेस्ट इतिहास में सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले टॉप-10 गेंदबाजों की सूची में अब तक एक भी बाएं हाथ का तेज गेंदबाज शामिल नहीं है। हालांकि ऑस्ट्रेलिया के अनुभवी तेज गेंदबाज मिचेल स्टार्क इस रिकॉर्ड को बदलने के बेहद करीब पहुंच चुके हैं।
स्टार्क फिलहाल टेस्ट क्रिकेट में 433 विकेट ले चुके हैं और यदि वह आने वाले मैचों में कुछ और विकेट हासिल कर लेते हैं, तो वह न केवल कपिल देव को पीछे छोड़ सकते हैं, बल्कि दक्षिण अफ्रीका के महान तेज गेंदबाज डेल स्टेन (439 विकेट) को भी पछाड़कर टॉप-10 में जगह बना सकते हैं। ऐसा होने पर वह टेस्ट इतिहास के पहले बाएं हाथ के तेज गेंदबाज होंगे, जो सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले शीर्ष 10 गेंदबाजों की सूची में शामिल होंगे।
ट्रेंट बोल्ट – 317 विकेट
न्यूजीलैंड के दिग्गज तेज गेंदबाज ट्रेंट बोल्ट इस सूची में चौथे स्थान पर हैं। बोल्ट ने 2011 में टेस्ट क्रिकेट में पदार्पण किया और 2022 में अपना आखिरी टेस्ट मैच खेला।
उन्होंने अपने करियर में 78 टेस्ट मैचों की 149 पारियों में 317 विकेट लिए। बोल्ट अपनी स्विंग गेंदबाजी, नई गेंद से विकेट निकालने की क्षमता और विदेशी परिस्थितियों में शानदार प्रदर्शन के लिए जाने जाते हैं। उन्होंने न्यूजीलैंड को कई ऐतिहासिक टेस्ट जीत दिलाने में अहम भूमिका निभाई।
चमिंडा वास – 355 विकेट
श्रीलंका के महान तेज गेंदबाज चमिंडा वास टेस्ट क्रिकेट के सबसे सफल बाएं हाथ के तेज गेंदबाजों में तीसरे स्थान पर हैं।
वास ने 111 टेस्ट मैचों की 194 पारियों में 355 विकेट हासिल किए। वह लंबे समय तक श्रीलंका के प्रमुख तेज गेंदबाज रहे और अपनी सटीक लाइन-लेंथ तथा स्विंग गेंदबाजी के लिए मशहूर थे।
श्रीलंका के लिए टेस्ट क्रिकेट में सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले गेंदबाजों की सूची में वास तीसरे स्थान पर हैं। उनसे आगे केवल मुथैया मुरलीधरन (800 विकेट) और रंगना हेराथ (433 विकेट) हैं।
स्टार्क के पास इतिहास बदलने का मौका
मिचेल स्टार्क की मौजूदा फॉर्म और विकेट लेने की क्षमता को देखते हुए माना जा रहा है कि वह जल्द ही टॉप-10 में प्रवेश कर सकते हैं। यदि वह डेल स्टेन के 439 विकेट के आंकड़े को पार कर लेते हैं, तो टेस्ट क्रिकेट के इतिहास में बाएं हाथ के तेज गेंदबाजों के लिए एक नया अध्याय शुरू होगा।
स्टार्क की खासियत उनकी तेज गति, रिवर्स स्विंग और नई गेंद से बल्लेबाजों को परेशान करने की क्षमता रही है। उन्होंने ऑस्ट्रेलिया के लिए कई महत्वपूर्ण टेस्ट मुकाबलों में मैच जिताऊ प्रदर्शन किया है।
बाएं हाथ के तेज गेंदबाजों का योगदान
टेस्ट क्रिकेट में बाएं हाथ के तेज गेंदबाजों ने हमेशा महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। एलन डेविडसन, वसीम अकरम, चमिंडा वास, ट्रेंट बोल्ट और मिचेल स्टार्क जैसे गेंदबाजों ने अपनी स्विंग और अलग एंगल के कारण बल्लेबाजों के लिए मुश्किलें पैदा की हैं।
हालांकि अब तक कोई भी बाएं हाथ का तेज गेंदबाज टेस्ट इतिहास के शीर्ष 10 विकेट लेने वाले गेंदबाजों में जगह नहीं बना पाया है, लेकिन स्टार्क इस रिकॉर्ड को बदलने की दहलीज पर खड़े हैं।
आगामी टेस्ट सीरीज में क्रिकेट प्रशंसकों की नजर मिचेल स्टार्क पर रहेगी, क्योंकि उनके पास न केवल व्यक्तिगत रिकॉर्ड बनाने का मौका है, बल्कि टेस्ट क्रिकेट के इतिहास में पहले बाएं हाथ के तेज गेंदबाज के रूप में टॉप-10 विकेट लेने वालों की सूची में शामिल होने का भी सुनहरा अवसर है।

