सिलीगुड़ी: पश्चिम बंगाल के सिलीगुड़ी में मवेशी चोरी के शक में भीड़ द्वारा हिंसा किए जाने का मामला सामने आया है। बागडोगरा इलाके में शनिवार सुबह ग्रामीणों ने कथित तौर पर मवेशी चोरी करने पहुंचे कुछ संदिग्ध लोगों को घेर लिया। इसके बाद भीड़ ने उनकी पिटाई कर दी। इस घटना में एक व्यक्ति की मौत हो गई, जबकि तीन अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं। घायलों को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
मृतक की पहचान उत्तर बंगाल के सोनापुर-चोपड़ा निवासी 45 वर्षीय शाहित अख्तर के रूप में हुई है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और घटना में शामिल लोगों की पहचान करने का प्रयास किया जा रहा है।
पिकअप वैन को ग्रामीणों ने घेरा
जानकारी के मुताबिक, घटना बागडोगरा के ताराबाड़ी इलाके में शनिवार तड़के हुई। आरोप है कि करीब पांच लोग एक पिकअप वैन में सवार होकर इलाके में पहुंचे थे। स्थानीय लोगों को उनकी गतिविधियों पर संदेह हुआ और उन्हें मवेशी चोरी करने के इरादे से आने की आशंका हुई।
संदिग्ध लोगों के बारे में जानकारी मिलने के बाद ग्रामीणों ने पिकअप वैन को घेर लिया। इसी दौरान कथित तौर पर दो अन्य लोग एक अलग चार पहिया वाहन से मौके पर पहुंचे। स्थानीय लोगों ने उन्हें भी पकड़ लिया। इसके बाद स्थिति बिगड़ गई और भीड़ ने संदिग्ध लोगों के साथ मारपीट शुरू कर दी।
हिंसा के दौरान पिकअप वैन में आग लगा दी गई। दूसरी गाड़ी में भी तोड़फोड़ किए जाने की जानकारी सामने आई है। मारपीट में कई लोग घायल हुए। इनमें शाहित अख्तर की हालत गंभीर हो गई और बाद में उनकी मौत हो गई।
तीन घायलों का अस्पताल में इलाज
घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस की टीम मौके पर पहुंची। पुलिस ने भीड़ से घायलों को बाहर निकाला और उन्हें इलाज के लिए नॉर्थ बंगाल मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल पहुंचाया। तीन घायलों का अस्पताल में इलाज चल रहा है। उनकी स्थिति को लेकर चिकित्सकों की निगरानी जारी है।
पुलिस ने घटनास्थल से जली हुई पिकअप वैन और क्षतिग्रस्त चार पहिया वाहन को बरामद किया है। मामले में एक व्यक्ति को गिरफ्तार किए जाने की जानकारी भी सामने आई है। वहीं, घटना से जुड़े दो अन्य संदिग्धों के फरार होने की बात कही जा रही है।
घटना की जांच में जुटी पुलिस
पुलिस अब पूरे घटनाक्रम की कड़ियों को जोड़ने में जुटी है। जांच में यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि संदिग्ध लोग वास्तव में मवेशी चोरी के इरादे से वहां पहुंचे थे या नहीं। इसके साथ ही भीड़ द्वारा की गई हिंसा में शामिल लोगों की पहचान और उनकी भूमिका की भी जांच की जा रही है।
पुलिस घटनास्थल से मिले साक्ष्यों और स्थानीय लोगों से मिली जानकारी के आधार पर आगे की कार्रवाई कर रही है। फिलहाल इलाके में स्थिति पर नजर रखी जा रही है।
इस घटना ने कानून हाथ में लेकर भीड़ द्वारा की गई हिंसा को लेकर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच के आधार पर दोषियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। घटना में मारे गए व्यक्ति के परिजनों को भी सूचना दे दी गई है और आगे की प्रक्रिया जारी है।

