19 Sep 2026, Sat

सऊदी अरब को अब चारों तरफ से खतरा? क्राउन प्रिंस के सामने आया ‘बचाएगा कौन’ वाला सवाल

सऊदी अरब की सुरक्षा को लेकर क्षेत्रीय तनाव के बीच चिंता बढ़ गई है। अमेरिका के पूर्व राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार एचआर मैकमास्टर ने कहा है कि खाड़ी क्षेत्र में बढ़ती अस्थिरता सऊदी अरब की आर्थिक महत्वाकांक्षाओं और विजन 2030 के लक्ष्यों के लिए चुनौती बन सकती है। उनके मुताबिक, बड़े निवेश, पर्यटन, तकनीक और नए कारोबारी केंद्रों को विकसित करने के लिए सबसे जरूरी शर्त सुरक्षित और स्थिर माहौल है।

मैकमास्टर ने सऊदी अरब के सामने मौजूद सुरक्षा चुनौतियों का जिक्र करते हुए कहा कि देश ने अपनी सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने के लिए क्षेत्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सहयोग बढ़ाया है। मिस्र, तुर्किये और पाकिस्तान के साथ संबंधों को मजबूत करने की दिशा में भी प्रयास हुए हैं। हालांकि, उनके अनुसार आर्थिक विकास की योजनाओं को लंबे समय तक आगे बढ़ाने के लिए क्षेत्रीय स्थिरता बेहद महत्वपूर्ण है।

हूती हमलों से बढ़ी चिंता

यमन में संघर्ष तेज होने के साथ सऊदी अरब पर ड्रोन और मिसाइल हमलों की घटनाएं भी सामने आई हैं। हाल के दिनों में सऊदी अरब के कई इलाकों के लिए सुरक्षा अलर्ट जारी किए गए। सऊदी अधिकारियों के अनुसार, कुछ हमलों में नागरिकों को चोटें आईं और घरों तथा अन्य संपत्तियों को नुकसान पहुंचा।

सऊदी अरब के दक्षिणी हिस्सों में नजऱान, खमिस मुशैत, जिजान और अबहा जैसे इलाकों को लेकर सुरक्षा चेतावनियां जारी की गई थीं। इसके अलावा पश्चिमी क्षेत्र के कुछ हिस्सों में भी अलर्ट देखने को मिले। इस घटनाक्रम ने देश के महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचे और आर्थिक गतिविधियों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ाई है।

मक्का को लेकर भी सामने आया सुरक्षा अलर्ट

क्षेत्रीय तनाव के बीच मक्का की सुरक्षा को लेकर भी एक घटना सामने आई। सऊदी नेतृत्व वाले गठबंधन के मुताबिक, मक्का के दक्षिण में एक हूती ड्रोन को रोककर नष्ट किया गया था, इससे पहले कि वह शहर के प्रतिबंधित हवाई क्षेत्र में प्रवेश करता। हूती पक्ष ने मक्का को निशाना बनाने के आरोप से इनकार किया है।

मक्का इस्लाम के सबसे पवित्र शहरों में शामिल है और यहां हर साल बड़ी संख्या में लोग धार्मिक यात्रा के लिए पहुंचते हैं। ऐसे में शहर के आसपास किसी भी सुरक्षा घटना को संवेदनशील माना जाता है।

विजन 2030 के लिए स्थिरता अहम

मैकमास्टर ने सऊदी अरब की आर्थिक योजनाओं का जिक्र करते हुए कहा कि अगर देश खुद को वित्तीय केंद्र, डेटा सेंटर और कंप्यूटिंग क्षमता के बड़े केंद्र के रूप में विकसित करना चाहता है, तो निवेशकों और कारोबारियों के लिए सुरक्षित वातावरण जरूरी होगा। उन्होंने इसी संदर्भ में यह सवाल उठाया कि ऐसी परिस्थितियों में देश की सुरक्षा की गारंटी कौन देगा।

विजन 2030 के तहत सऊदी अरब तेल पर अपनी आर्थिक निर्भरता कम करने और पर्यटन, तकनीक, मनोरंजन, उद्योग तथा अन्य क्षेत्रों को बढ़ावा देने की दिशा में काम कर रहा है। ऐसे में लंबे समय तक चलने वाली क्षेत्रीय अस्थिरता इन परियोजनाओं के लिए जोखिम बढ़ा सकती है।

सुरक्षा सहयोग बढ़ाने की कोशिश

सऊदी अरब की सरकार ने हाल के हमलों के बाद अपनी संप्रभुता, नागरिकों और महत्वपूर्ण संसाधनों की सुरक्षा के अधिकार पर जोर दिया है। क्षेत्रीय संगठनों ने भी सऊदी क्षेत्र में नागरिकों और महत्वपूर्ण ठिकानों को निशाना बनाए जाने की घटनाओं की निंदा की है।

मौजूदा हालात में सऊदी अरब के सामने एक साथ सुरक्षा और आर्थिक विकास से जुड़ी चुनौतियां हैं। क्षेत्रीय संघर्ष कितना लंबा चलता है और सुरक्षा स्थिति किस दिशा में जाती है, इसका असर देश की महत्वाकांक्षी आर्थिक परियोजनाओं और निवेश योजनाओं पर पड़ सकता है।

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