हिमाचल प्रदेश में बारिश का दौर थमने और मौसम सुहावना होने के बाद पहाड़ों की ओर पर्यटकों की आवाजाही तेजी से बढ़ गई है। अक्टूबर की शुरुआत में मिले लंबे वीकेंड का लोगों ने जमकर फायदा उठाया और बड़ी संख्या में सैलानी शिमला पहुंच गए। 2 से 4 अक्टूबर के बीच राजधानी में पर्यटकों की भारी भीड़ देखने को मिली। इस दौरान शिमला पहुंचने वाले वाहनों की संख्या इतनी बढ़ गई कि शहर की सड़कों पर यातायात व्यवस्था प्रभावित हो गई और कई प्रमुख मार्गों पर लंबा जाम देखने को मिला।
आंकड़ों के मुताबिक, तीन दिनों के दौरान शोघी बैरियर से करीब 70 हजार वाहन शिमला की ओर पहुंचे। इनमें लगभग 60 प्रतिशत वाहन दूसरे राज्यों से आने वाले पर्यटकों के थे। सामान्य दिनों की तुलना में यह संख्या काफी अधिक रही। बड़ी संख्या में निजी वाहनों के पहुंचने से शहर के प्रमुख पर्यटन स्थलों और संपर्क मार्गों पर वाहनों का दबाव लगातार बना रहा।
शनिवार को पहुंचे करीब 25 हजार वाहन
लॉन्ग वीकेंड के दौरान सबसे ज्यादा भीड़ शनिवार को देखने को मिली। अकेले इस दिन करीब 25 हजार वाहन शोघी बैरियर से शिमला की तरफ पहुंचे। हजारों वाहनों के एक साथ शहर की ओर बढ़ने से कई जगहों पर यातायात की रफ्तार बेहद धीमी हो गई।
पर्यटकों के साथ स्थानीय लोगों को भी ट्रैफिक जाम का सामना करना पड़ा। कई लोगों को अपने गंतव्य तक पहुंचने में सामान्य से कहीं अधिक समय लगा। शहर की सड़कों पर जगह-जगह वाहनों की लंबी कतारें नजर आईं। पर्यटन सीजन के दौरान शिमला में इस तरह की स्थिति पहले भी देखने को मिलती रही है, लेकिन लॉन्ग वीकेंड पर वाहनों की संख्या में अचानक हुई बढ़ोतरी ने यातायात व्यवस्था पर अतिरिक्त दबाव डाल दिया।
सड़क निर्माण से भी बढ़ी परेशानी
शिमला के कुछ हिस्सों में पहले से चल रहे सड़क निर्माण और टारिंग के काम ने भी यातायात व्यवस्था को प्रभावित किया। ढली से संजौली के बीच सड़क पर काम चलने के कारण वाहनों की आवाजाही कई जगह धीमी रही। जब भारी संख्या में पर्यटक वाहन इन मार्गों से गुजरे तो स्थिति और चुनौतीपूर्ण हो गई।
सड़क पर काम के कारण वाहनों को कुछ स्थानों पर धीमी गति से गुजरना पड़ा। इससे मुख्य मार्ग पर वाहनों की कतारें बढ़ती गईं और इसका असर आसपास के संपर्क मार्गों पर भी दिखाई दिया। कई जगहों पर यातायात को सामान्य होने में काफी समय लगा।
होटल और पर्यटन कारोबार को फायदा
पर्यटकों की बढ़ती संख्या से शिमला के पर्यटन कारोबार को भी फायदा मिला। लंबे वीकेंड के चलते बड़ी संख्या में लोगों ने होटल, होमस्टे और अन्य पर्यटन सुविधाओं का रुख किया। बाजारों, पर्यटन स्थलों और खाने-पीने की जगहों पर भी सामान्य दिनों की तुलना में ज्यादा भीड़ दिखाई दी।
मौसम साफ होने के बाद पहाड़ों की ओर बढ़ी पर्यटकों की संख्या से पर्यटन कारोबारियों को आने वाले दिनों में भी अच्छी गतिविधि की उम्मीद है। हालांकि, पर्यटकों की बढ़ती संख्या के साथ यातायात और पार्किंग व्यवस्था को बनाए रखना प्रशासन के लिए बड़ी चुनौती बन गया है।
लॉन्ग वीकेंड के दौरान शिमला पहुंची करीब 70 हजार वाहनों की संख्या से साफ है कि मौसम अनुकूल होते ही पहाड़ी पर्यटन स्थलों की ओर लोगों का रुख तेजी से बढ़ रहा है। आने वाले छुट्टियों के दिनों में भी पर्यटकों की संख्या बढ़ने की संभावना है, ऐसे में यातायात व्यवस्था को सुचारू बनाए रखना प्रशासन के लिए अहम होगा।

