केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने मुंबई-अहमदाबाद बुलेट ट्रेन प्रोजेक्ट को लेकर बड़ा अपडेट दिया है। उन्होंने बताया कि इस महत्वाकांक्षी परियोजना का करीब 80 प्रतिशत काम पूरा हो चुका है और निर्माण कार्य तेज गति से आगे बढ़ रहा है। रेल मंत्री ने भरोसा जताया कि साल 2027 में सूरत-बिलिमोरा सेक्शन पर बुलेट ट्रेन सेवा का पहला चरण शुरू किया जा सकता है।
अश्विनी वैष्णव शनिवार को गुजरात के अहमदाबाद दौरे पर पहुंचे थे। इस दौरान उन्होंने रेलवे इंफ्रास्ट्रक्चर से जुड़ी कई विकास परियोजनाओं की समीक्षा की और अधिकारियों के साथ विस्तृत बैठक की। बैठक में मुंबई-अहमदाबाद बुलेट ट्रेन प्रोजेक्ट के अलावा अहमदाबाद, साबरमती और असारवा क्षेत्र में चल रहे रेलवे विकास कार्यों पर भी चर्चा हुई।
चरणबद्ध तरीके से मुंबई तक होगा विस्तार
रेल मंत्री ने बताया कि बुलेट ट्रेन प्रोजेक्ट को चरणबद्ध तरीके से पूरा किया जाएगा। सबसे पहले सूरत-बिलिमोरा सेक्शन पर ट्रेन सेवा शुरू करने की योजना है। इसके बाद इसका विस्तार वापी-सूरत सेक्शन तक किया जाएगा। अगले चरण में अहमदाबाद को परियोजना से जोड़ा जाएगा और अंत में मुंबई तक पूरी बुलेट ट्रेन सेवा शुरू की जाएगी।
उन्होंने कहा कि इस परियोजना के पूरा होने से मुंबई और अहमदाबाद के बीच यात्रा का समय काफी कम हो जाएगा। इससे गुजरात और महाराष्ट्र के प्रमुख औद्योगिक एवं व्यावसायिक क्षेत्रों के बीच संपर्क मजबूत होगा। साथ ही पर्यटन, व्यापार और रोजगार के नए अवसर भी पैदा होने की उम्मीद है।
आधुनिक रेल इंफ्रास्ट्रक्चर पर सरकार का जोर
अश्विनी वैष्णव ने कहा कि केंद्र सरकार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में गुजरात में वर्ल्ड क्लास रेल इंफ्रास्ट्रक्चर विकसित करने के लिए प्रतिबद्ध है। सरकार का लक्ष्य आधुनिक रेलवे स्टेशन, बेहतर सड़क संपर्क, अत्याधुनिक परिवहन सुविधाएं और यात्रियों के लिए सुरक्षित तथा सुविधाजनक यात्रा व्यवस्था उपलब्ध कराना है।
रेल मंत्री के अनुसार, इन परियोजनाओं के पूरा होने से न केवल यात्रियों को बेहतर सुविधाएं मिलेंगी, बल्कि शहरी यातायात व्यवस्था भी सुगम होगी। रेलवे से जुड़ी परियोजनाएं क्षेत्र के आर्थिक और सामाजिक विकास को गति देने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगी।
ओमनगर अंडरपास का काम जल्द पूरा करने के निर्देश
बैठक के दौरान ओमनगर अंडरपास के निर्माण कार्य की भी समीक्षा की गई। रेल मंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि अंडरपास का बचा हुआ काम इस वर्ष शारदीय नवरात्रि महोत्सव से पहले पूरा किया जाए। इससे स्थानीय नागरिकों को यातायात जाम से राहत मिलने और आवागमन आसान होने की उम्मीद है।
असारवा स्टेशन का होगा पुनर्विकास
असारवा स्टेशन और टर्मिनल के व्यापक पुनर्विकास के लिए एक समग्र मास्टर प्लान तैयार किया गया है। इसके तहत नई स्टेशन बिल्डिंग, आधुनिक यात्री सुविधाएं, डीआरएम कार्यालय और आसपास के रेलवे क्षेत्र का एकीकृत विकास किया जाएगा। असारवा के ऐतिहासिक और सांस्कृतिक महत्व को ध्यान में रखते हुए इसे आधुनिक और सुव्यवस्थित टर्मिनल के रूप में विकसित करने की योजना है।
अहमदाबाद और साबरमती स्टेशन की कनेक्टिविटी होगी बेहतर
अहमदाबाद रेलवे स्टेशन के पुनर्विकास के तहत सारंगपुर की ओर दूसरा प्रवेश द्वार और बेहतर सड़क संपर्क विकसित करने पर सहमति बनी है। इससे यात्रियों को स्टेशन तक पहुंचने में सुविधा होगी और आसपास के क्षेत्र का भी व्यवस्थित विकास किया जा सकेगा।
इसके अलावा साबरमती रेलवे स्टेशन तक बेहतर सड़क संपर्क उपलब्ध कराने के लिए स्टेशन रोड के विस्तार और समग्र विकास की संयुक्त कार्ययोजना तैयार की जाएगी। इससे यात्रियों और स्थानीय नागरिकों को बेहतर आवागमन सुविधा मिलेगी।

