भारतीय क्रिकेट के उभरते हुए युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी को ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ होने वाली आगामी अंडर-19 मल्टी फॉर्मेट सीरीज के लिए भारतीय टीम में जगह नहीं मिली है। महज 15 साल की उम्र में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बना चुके वैभव के टीम से बाहर होने के बाद क्रिकेट फैंस के बीच सवाल उठ रहे हैं कि आखिर इतनी कम उम्र में शानदार प्रदर्शन करने वाले इस खिलाड़ी को अंडर-19 टीम में क्यों नहीं चुना गया।
वैभव हाल ही में सीनियर अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में भी अपनी मौजूदगी दर्ज करा चुके हैं। उन्होंने कम उम्र में टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में डेब्यू करके खास उपलब्धि हासिल की है और अब तक भारत के लिए कई टी20 मुकाबले खेल चुके हैं। ऐसे में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ अंडर-19 सीरीज में उनका चयन नहीं होना कई लोगों के लिए हैरानी की बात है।
एक खास नियम के कारण नहीं हुआ चयन
वैभव के चयन नहीं होने की सबसे बड़ी वजह अंडर-19 क्रिकेट से जुड़ा एक नियम है। इस नियम के तहत कोई खिलाड़ी अपने करियर में सिर्फ एक बार अंडर-19 विश्व कप में हिस्सा ले सकता है।
इसका मतलब यह है कि यदि कोई खिलाड़ी उम्र के लिहाज से अंडर-19 स्तर पर खेलने के योग्य है, लेकिन वह पहले ही अंडर-19 विश्व कप में हिस्सा ले चुका है, तो उसे भविष्य में होने वाले दूसरे अंडर-19 विश्व कप के लिए दोबारा नहीं चुना जा सकता।
यह नियम उस स्थिति में भी लागू होता है, जब खिलाड़ी की उम्र अभी 19 साल से कम हो। यानी केवल उम्र कम होना ही दोबारा अंडर-19 विश्व कप खेलने की पात्रता तय नहीं करता।
2026 में खेल चुके हैं अंडर-19 विश्व कप
वैभव सूर्यवंशी के मामले में यही नियम महत्वपूर्ण है। वह 2026 में अंडर-19 विश्व कप में भारतीय टीम का हिस्सा रह चुके हैं। इसलिए अब उनकी उम्र भले ही अंडर-19 क्रिकेट खेलने के लिए योग्य हो, लेकिन वह दोबारा अंडर-19 विश्व कप नहीं खेल सकते।
इसी वजह से आगामी अंडर-19 कार्यक्रमों में उनका चयन नहीं किया गया है। इसका मतलब यह बिल्कुल नहीं है कि उनके प्रदर्शन में कोई कमी आई है या उन्हें टीम से बाहर कर दिया गया है। बल्कि यह चयन प्रक्रिया से जुड़े नियम का परिणाम है।
कम उम्र में हासिल की बड़ी उपलब्धियां
वैभव ने बेहद कम उम्र में क्रिकेट की दुनिया में अपनी पहचान बनाई है। घरेलू क्रिकेट में उनके प्रदर्शन ने उन्हें सुर्खियों में पहुंचाया और इसके बाद उन्हें अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी खेलने का मौका मिला।
कम उम्र में सीनियर टीम के लिए टी20 अंतरराष्ट्रीय मुकाबला खेलना उनके करियर की बड़ी उपलब्धियों में शामिल है। उन्होंने अपने प्रदर्शन और आक्रामक बल्लेबाजी शैली से क्रिकेट प्रशंसकों का ध्यान खींचा है।
अब अंडर-19 स्तर पर दोबारा खेलने के बजाय वैभव के करियर की दिशा सीनियर क्रिकेट की ओर तेजी से बढ़ रही है। ऐसे में उनके लिए आने वाले समय में घरेलू क्रिकेट और सीनियर स्तर पर लगातार प्रदर्शन करना महत्वपूर्ण होगा।
आर्यवीर और अन्वय को मिली टीम में जगह
ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ आगामी अंडर-19 मल्टी फॉर्मेट सीरीज के लिए घोषित टीम में पूर्व भारतीय दिग्गजों के बेटों को भी जगह मिली है। वीरेंद्र सहवाग के बेटे आर्यवीर सहवाग और राहुल द्रविड़ के बेटे अन्वय को टीम में शामिल किया गया है।
वैभव की गैरमौजूदगी के कारण टीम में नए खिलाड़ियों के लिए अपनी प्रतिभा दिखाने का मौका बढ़ गया है। वहीं, वैभव के लिए अब चुनौती अंडर-19 क्रिकेट से आगे बढ़कर सीनियर स्तर पर खुद को लगातार साबित करने की होगी।
कुल मिलाकर, वैभव सूर्यवंशी का अंडर-19 टीम में चयन न होना उनके खराब प्रदर्शन का संकेत नहीं है। 2026 में अंडर-19 विश्व कप खेल चुके होने के कारण लागू नियम के चलते वह दोबारा इस स्तर के विश्व कप में हिस्सा नहीं ले सकते। ऐसे में अब उनके करियर पर नजर सीनियर क्रिकेट में उनके प्रदर्शन पर रहेगी।

