2 Jul 2026, Thu

नितिन नबीन से लेकर मल्लिकार्जुन खरगे और महबूबा मुफ्ती तक, अयातुल्ला खामेनेई के अंतिम संस्कार के लिए ईरान ने इन नेताओं को भेजा न्योता

ईरान के पूर्व सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई के राजकीय अंतिम संस्कार की तैयारियां तेज हो गई हैं। कई दिनों तक चलने वाले इस आयोजन में दुनियाभर के राजनीतिक और धार्मिक प्रतिनिधियों के शामिल होने की संभावना है। भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ भाजपा, कांग्रेस और अन्य दलों के कई प्रमुख नेताओं को भी ईरान की ओर से निमंत्रण भेजे जाने की खबर है।

अयातुल्ला अली खामेनेई की 28 फरवरी 2026 को अमेरिका और इजरायल के संयुक्त हवाई हमलों में मौत हो गई थी। ईरानी मीडिया के मुताबिक, युद्ध और सुरक्षा परिस्थितियों के कारण उनके अंतिम संस्कार को पहले स्थगित कर दिया गया था। अब अंतिम संस्कार से जुड़े कार्यक्रम 4 जुलाई से शुरू होंगे और 9 जुलाई को उनके गृहनगर मशहद में उन्हें दफनाया जाएगा।

पीएम मोदी को भेजा गया था औपचारिक निमंत्रण

रिपोर्ट्स के अनुसार, ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियन ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को खामेनेई के अंतिम संस्कार में शामिल होने का औपचारिक निमंत्रण भेजा था। हालांकि, प्रधानमंत्री के पहले से तय विदेशी कार्यक्रमों के कारण उनके ईरान जाने की संभावना नहीं है। भारत सरकार की ओर से बिहार के राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल सैयद अता हसनैन और विदेश राज्य मंत्री पबित्रा मार्गेरिटा के अंतिम संस्कार कार्यक्रमों में शामिल होने की संभावना है। उनके साथ विदेश मंत्रालय के अधिकारी भी ईरान जा सकते हैं।

भाजपा और कांग्रेस नेताओं को भी न्योता

ईरान ने भाजपा अध्यक्ष नितिन नबीन और कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे को भी राजकीय अंतिम संस्कार में शामिल होने के लिए आमंत्रित किया है। इसके अलावा कांग्रेस नेता सलमान खुर्शीद और पवन खेड़ा को भी निमंत्रण भेजे जाने की जानकारी सामने आई है। कांग्रेस की ओर से पार्टी के विदेश मामलों के विभाग के प्रमुख सलमान खुर्शीद को ईरान भेजे जाने पर विचार किया जा सकता है।

पीडीपी प्रमुख और जम्मू-कश्मीर की पूर्व मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती ने भी खामेनेई के अंतिम संस्कार में शामिल होकर उन्हें श्रद्धांजलि देने के लिए ईरान जाने की बात कही है। विभिन्न रिपोर्ट्स में कई अन्य भारतीय सांसदों, राजनीतिक प्रतिनिधियों और धार्मिक नेताओं को भी निमंत्रण मिलने का दावा किया गया है।

तेहरान से मशहद तक होंगे कार्यक्रम

ईरानी अधिकारियों द्वारा घोषित कार्यक्रम के मुताबिक, अंतिम संस्कार की शुरुआत 4 जुलाई को तेहरान में होगी। राजधानी में मुख्य शोक और अंतिम यात्रा से जुड़े कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। इसके बाद 7 जुलाई को धार्मिक शहर कोम में श्रद्धांजलि सभा होगी। अंतिम कार्यक्रम 9 जुलाई को मशहद में आयोजित किया जाएगा, जहां खामेनेई को दफनाया जाना है।

ईरानी प्रशासन बड़ी संख्या में लोगों के पहुंचने की संभावना को देखते हुए सुरक्षा और भीड़ प्रबंधन की तैयारियां कर रहा है। हालांकि, आयोजन में दो करोड़ लोगों के शामिल होने जैसे आंकड़ों की स्वतंत्र और आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है। खामेनेई के अंतिम संस्कार में विदेशी नेताओं की मौजूदगी को ईरान के अंतरराष्ट्रीय संबंधों और पश्चिम एशिया की बदलती राजनीतिक परिस्थितियों के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

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