आईपीएल में अपनी आक्रामक बल्लेबाजी और शानदार फिनिशिंग के लिए पहचान बना चुके आशुतोष शर्मा घरेलू क्रिकेट में एक बार फिर नई टीम के साथ नजर आएंगे। 2026-27 के घरेलू सीजन से पहले उन्होंने रेलवे का साथ छोड़ने का फैसला किया है। अब वह गुजरात की टीम की ओर से खेलते हुए दिखाई देंगे। सीमित ओवरों के क्रिकेट में आशुतोष की भूमिका टीम के लिए काफी अहम मानी जा रही है।
आशुतोष शर्मा ने घरेलू क्रिकेट में अपने करियर की शुरुआत मध्य प्रदेश की टीम से की थी। हालांकि, उन्हें वहां लगातार पर्याप्त अवसर नहीं मिल पाए। इसके बाद उन्होंने रेलवे का रुख किया और वहां अपने प्रदर्शन के जरिए अपनी पहचान मजबूत की। अब एक बार फिर उन्होंने टीम बदलने का फैसला किया है और गुजरात के साथ नई शुरुआत करने जा रहे हैं।
गुजरात की टीम में तीन प्रोफेशनल खिलाड़ी
गुजरात ने आगामी घरेलू सीजन के लिए अपनी टीम को मजबूत करने की दिशा में कई कदम उठाए हैं। आशुतोष शर्मा भी उन तीन प्रोफेशनल खिलाड़ियों में शामिल हैं, जिन्हें टीम में शामिल किया गया है। उनके अलावा राजस्थान के तेज गेंदबाज अशोक शर्मा और लेग स्पिनर रवि बिश्नोई भी गुजरात की टीम का हिस्सा होंगे।
आशुतोष के आने से गुजरात के मध्यक्रम और फिनिशिंग विभाग को मजबूती मिलने की उम्मीद है। वह तेजी से रन बनाने की क्षमता रखते हैं और टी20 क्रिकेट में मुश्किल परिस्थितियों में बड़े शॉट लगाने के लिए जाने जाते हैं। ऐसे में टीम को उनसे सीमित ओवरों के मुकाबलों में महत्वपूर्ण योगदान की उम्मीद होगी।
गुजरात के कोचिंग सेटअप में भी बदलाव
आशुतोष शर्मा के टीम से जुड़ने के साथ गुजरात के कोचिंग स्टाफ में भी बड़ा बदलाव हुआ है। मोंटी देसाई को टीम का नया मुख्य कोच नियुक्त किया गया है। उन्होंने रमेश पोवार की जगह ली है।
मोंटी देसाई इससे पहले अलग-अलग टीमों के कोचिंग सेटअप में काम कर चुके हैं। उनके अनुभव का फायदा गुजरात के खिलाड़ियों को मिलने की उम्मीद है। दूसरी तरफ रमेश पोवार के भविष्य को लेकर भी बदलाव की चर्चा है और वह भारतीय क्रिकेट के जूनियर स्तर से जुड़ी जिम्मेदारी के लिए अपनी दावेदारी पेश कर सकते हैं।
विदेशी क्रिकेट में भी आजमा चुके हैं हाथ
आशुतोष शर्मा घरेलू क्रिकेट के अलावा विदेशी परिस्थितियों में भी अपना अनुभव हासिल कर चुके हैं। हाल ही में उन्होंने इंग्लैंड में वनडे कप के दौरान हैम्पशायर के लिए खेला था। हालांकि इस टूर्नामेंट में उनका प्रदर्शन उम्मीद के मुताबिक नहीं रहा। पिछली सात पारियों में उनका सर्वश्रेष्ठ स्कोर केवल 16 रन रहा।
इसके बावजूद टी20 क्रिकेट में उनका रिकॉर्ड और आक्रामक बल्लेबाजी की शैली उन्हें एक उपयोगी खिलाड़ी बनाती है। आईपीएल में अपनी छाप छोड़ने के बाद आशुतोष अब घरेलू क्रिकेट में नई टीम के साथ खुद को साबित करने के लिए तैयार हैं।
गुजरात के साथ उनका यह नया सफर उनके घरेलू करियर के लिए अहम साबित हो सकता है। टीम में नई जिम्मेदारी और बेहतर मौके मिलने पर आशुतोष से बड़े प्रदर्शन की उम्मीद की जा रही है। अब देखना होगा कि 2026-27 के घरेलू सीजन में वह गुजरात के लिए बल्ले से कितना प्रभाव छोड़ पाते हैं।

