नई दिल्ली: सितंबर 2026 के पहले कारोबारी दिन भारतीय शेयर बाजार की शुरुआत हल्की कमजोरी के साथ हुई। वैश्विक बाजारों से मिले-जुले संकेतों के बीच घरेलू निवेशकों ने कारोबार की शुरुआत में सतर्क रुख अपनाया। इसके चलते बाजार के दोनों प्रमुख सूचकांक सेंसेक्स और निफ्टी मामूली गिरावट के साथ खुले। हालांकि, प्रमुख इंडेक्स में कमजोरी के बावजूद व्यापक बाजार में खरीदारी का रुझान देखने को मिला और बड़ी संख्या में शेयर बढ़त के साथ कारोबार करते नजर आए।
सेंसेक्स और निफ्टी में मामूली गिरावट
कारोबार शुरू होने पर बीएसई सेंसेक्स 75.60 अंक यानी 0.10 प्रतिशत की गिरावट के साथ 76,881.67 के स्तर पर पहुंच गया। इसी तरह एनएसई निफ्टी भी 41.55 अंक यानी 0.17 प्रतिशत टूटकर 24,038.85 के स्तर पर कारोबार करता दिखाई दिया।
बाजार की शुरुआती तस्वीर से संकेत मिला कि निवेशक फिलहाल बड़े इंडेक्स में आक्रामक खरीदारी से बच रहे हैं। हालांकि, व्यापक बाजार में स्थिति अपेक्षाकृत बेहतर रही। शुरुआती कारोबार में करीब 1,350 शेयरों में तेजी देखने को मिली, जबकि लगभग 1,016 शेयर गिरावट के साथ कारोबार कर रहे थे। करीब 157 शेयरों में कोई खास बदलाव नहीं हुआ।
इससे पता चलता है कि बाजार में एक तरफ प्रमुख इंडेक्स पर दबाव बना हुआ है, वहीं दूसरी तरफ कई शेयरों में निवेशकों की दिलचस्पी कायम है।
इन शेयरों में दिखी जोरदार तेजी
निफ्टी-50 के प्रमुख शेयरों में शुरुआती कारोबार के दौरान मिला-जुला रुख देखने को मिला। आईटीसी के शेयर में सबसे ज्यादा मजबूती नजर आई और इसमें करीब 3.54 प्रतिशत की तेजी दर्ज की गई।
इसके अलावा अदानी पोर्ट्स के शेयर में 2.74 प्रतिशत, भारती एयरटेल में 2.40 प्रतिशत और अदानी एंटरप्राइजेज में 2.12 प्रतिशत की बढ़त देखने को मिली। एचसीएल टेक्नोलॉजीज का शेयर भी करीब 1.89 प्रतिशत ऊपर कारोबार करता नजर आया।
इनके अलावा बजाज ऑटो, महिंद्रा एंड महिंद्रा और डॉ. रेड्डीज लैबोरेटरीज के शेयरों में भी शुरुआती कारोबार के दौरान खरीदारी का रुख देखने को मिला।
इन शेयरों पर रहा दबाव
दूसरी तरफ कुछ प्रमुख कंपनियों के शेयरों में बिकवाली देखने को मिली। मैक्स हेल्थकेयर के शेयर में करीब 3.70 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई। श्रीराम फाइनेंस का शेयर भी 3.38 प्रतिशत नीचे कारोबार करता दिखाई दिया।
नेस्ले इंडिया में करीब 2.99 प्रतिशत, इंडिगो में 2.93 प्रतिशत और एक्सिस बैंक में 2.39 प्रतिशत की कमजोरी देखने को मिली। इसके अलावा टीसीएस, एशियन पेंट्स और सन फार्मा के शेयर भी शुरुआती कारोबार में दबाव में नजर आए।
निवेशकों की नजर वैश्विक संकेतों पर
बाजार की चाल पर फिलहाल घरेलू परिस्थितियों के साथ-साथ अंतरराष्ट्रीय बाजारों के संकेतों का भी असर देखने को मिल रहा है। वैश्विक स्तर पर अनिश्चितता के बीच निवेशक किसी बड़ी दिशा के स्पष्ट होने का इंतजार कर रहे हैं।
सितंबर की शुरुआत में बाजार के लिए आगे आने वाले आर्थिक आंकड़े, वैश्विक बाजारों की चाल, विदेशी निवेशकों की गतिविधियां और कंपनियों से जुड़ी खबरें महत्वपूर्ण रहेंगी। ऐसे में आने वाले कारोबारी सत्रों में बाजार में उतार-चढ़ाव जारी रहने की संभावना बनी हुई है।
फिलहाल शुरुआती कारोबार में सेंसेक्स और निफ्टी की मामूली गिरावट के बावजूद व्यापक बाजार में तेजी का रुझान यह संकेत दे रहा है कि निवेशकों की दिलचस्पी चुनिंदा शेयरों में बनी हुई है। कारोबार आगे बढ़ने के साथ बाजार किस दिशा में जाता है, इस पर सभी की नजर रहेगी।

