International Cricket Council (आईसीसी) ने 1 मई को अपनी सालाना टीम रैंकिंग जारी कर दी है, जिसमें महिला टी20 टीम रैंकिंग पर खास नजर रही। ताजा रैंकिंग में टॉप-10 टीमों की स्थिति में कोई बदलाव नहीं हुआ है, हालांकि पिछले एक साल में अच्छा प्रदर्शन करने के बावजूद India women’s national cricket team को अपनी पोजीशन सुधारने में सफलता नहीं मिली है। टीम इंडिया फिलहाल तीसरे स्थान पर बनी हुई है।
महिला टी20 रैंकिंग में एक बार फिर Australia women’s national cricket team का दबदबा कायम है। ऑस्ट्रेलिया 295 रेटिंग प्वाइंट्स के साथ पहले स्थान पर बना हुआ है। यह टीम पिछले कई वर्षों से महिला क्रिकेट में लगातार शानदार प्रदर्शन कर रही है और उसकी पकड़ शीर्ष स्थान पर मजबूत बनी हुई है। दूसरे स्थान पर England women’s national cricket team है, जिसके खाते में 277 रेटिंग प्वाइंट्स हैं।
भारतीय महिला टीम 263 रेटिंग प्वाइंट्स के साथ तीसरे स्थान पर कायम है। टीम इंडिया ने पिछले एक साल में टी20 फॉर्मेट में कई अच्छे प्रदर्शन किए हैं, लेकिन रैंकिंग में आगे बढ़ने के लिए उसे और निरंतरता दिखानी होगी। विशेषज्ञों का मानना है कि अगर भारतीय टीम आने वाले महीनों में मजबूत टीमों के खिलाफ बेहतर प्रदर्शन करती है, तो उसके पास दूसरे स्थान तक पहुंचने का अच्छा मौका रहेगा।
रैंकिंग में चौथे स्थान पर New Zealand women’s national cricket team है, जिसके 256 प्वाइंट्स हैं, जबकि पांचवें स्थान पर South Africa women’s national cricket team काबिज है और उसके 245 प्वाइंट्स हैं। ये दोनों टीमें भी लगातार प्रतिस्पर्धा में बनी हुई हैं और टॉप-3 में जगह बनाने की कोशिश कर रही हैं।
अगर टॉप-10 की बाकी टीमों की बात करें, तो छठे स्थान पर West Indies women’s national cricket team है, जिसके 237 प्वाइंट्स हैं। सातवें स्थान पर Sri Lanka women’s national cricket team (230 प्वाइंट्स) बनी हुई है। वहीं Pakistan women’s national cricket team 217 प्वाइंट्स के साथ आठवें स्थान पर है।
रैंकिंग में नौवें और दसवें स्थान पर क्रमशः Ireland women’s national cricket team और Bangladesh women’s national cricket team मौजूद हैं। आयरलैंड के 198 प्वाइंट्स हैं, जबकि बांग्लादेश 195 प्वाइंट्स के साथ सबसे नीचे है। इन टीमों को अपनी स्थिति सुधारने के लिए आने वाले मैचों में बेहतर प्रदर्शन करना होगा।
कुल मिलाकर, आईसीसी की इस ताजा रैंकिंग ने यह साफ कर दिया है कि महिला क्रिकेट में शीर्ष टीमों के बीच प्रतिस्पर्धा लगातार बढ़ रही है। हालांकि भारत के पास अपनी रैंकिंग सुधारने का मौका अभी भी बना हुआ है, लेकिन इसके लिए टीम को निरंतर और प्रभावशाली प्रदर्शन करना होगा। आने वाले अंतरराष्ट्रीय मुकाबले इस दिशा में काफी अहम साबित हो सकते हैं।

