नई दिल्ली: भारतीय क्रिकेट टीम के स्टार ऑलराउंडर हार्दिक पांड्या इन दिनों अपने करियर के सबसे चुनौतीपूर्ण दौर से गुजरते नजर आ रहे हैं। एक समय टीम इंडिया के सबसे अहम खिलाड़ियों में गिने जाने वाले हार्दिक फिलहाल राष्ट्रीय टीम के किसी भी प्रारूप का हिस्सा नहीं हैं। अफगानिस्तान के खिलाफ आगामी वनडे सीरीज से बाहर होने के बाद उन्हें आयरलैंड और इंग्लैंड के खिलाफ घोषित टी20 टीम में भी जगह नहीं मिली है। ऐसे में उनकी वापसी को लेकर सवाल उठने लगे हैं।
हार्दिक पांड्या ने साल 2016 में भारतीय टीम के लिए अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में पदार्पण किया था। अपनी आक्रामक बल्लेबाजी और उपयोगी गेंदबाजी के दम पर उन्होंने जल्द ही टीम में अहम स्थान बना लिया। इसके बाद 2017 में उन्हें टेस्ट क्रिकेट में भी मौका मिला, लेकिन चोटों और फिटनेस समस्याओं के कारण उनका टेस्ट करियर ज्यादा लंबा नहीं चल सका। उन्होंने भारत के लिए 11 टेस्ट मैच खेले, जिनमें 532 रन बनाए और एक शतक सहित पांच महत्वपूर्ण पारियां खेलीं।
वनडे क्रिकेट में भी हार्दिक लंबे समय तक भारत के प्रमुख ऑलराउंडर रहे हैं। उनका आखिरी वनडे मुकाबला मार्च 2025 में खेला गया था, जब उन्होंने चैंपियंस ट्रॉफी के फाइनल में भारत का प्रतिनिधित्व किया था। इसके बाद से वह वनडे टीम से बाहर हैं। हालांकि अफगानिस्तान के खिलाफ आगामी तीन मैचों की वनडे सीरीज के लिए उनके चयन की संभावना जताई जा रही थी, लेकिन फिटनेस संबंधी समस्याओं के कारण वह टीम का हिस्सा नहीं बन सके।
सूत्रों के अनुसार हार्दिक अपनी फिटनेस का आकलन कराने के लिए राष्ट्रीय क्रिकेट अकादमी के सेंटर ऑफ एक्सीलेंस पहुंचे थे। शुरुआती रिपोर्ट में उनकी फिटनेस को लेकर सकारात्मक संकेत मिले थे, लेकिन बाद में उनकी पुरानी चोट फिर उभरने की खबर सामने आई। इसके चलते उन्हें सीरीज से बाहर होना पड़ा। हालांकि इस मामले में आधिकारिक तौर पर अभी तक कोई विस्तृत बयान जारी नहीं किया गया है।
टी20 क्रिकेट को हार्दिक का सबसे मजबूत प्रारूप माना जाता है। उन्होंने इसी फॉर्मेट में अपने अंतरराष्ट्रीय करियर की शुरुआत की थी और कई यादगार प्रदर्शन किए हैं। लेकिन मार्च 2026 में न्यूजीलैंड के खिलाफ आखिरी टी20 मैच खेलने के बाद वह भारतीय टीम के लिए इस प्रारूप में भी नजर नहीं आए हैं। हाल ही में भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) ने आयरलैंड और इंग्लैंड के खिलाफ होने वाली टी20 सीरीज के लिए टीम का ऐलान किया, लेकिन उसमें हार्दिक का नाम शामिल नहीं था।
क्रिकेट विशेषज्ञों का मानना है कि लगातार चोटों के कारण हार्दिक के करियर पर असर पड़ा है। एक ऑलराउंडर होने के नाते उन्हें बल्लेबाजी और गेंदबाजी दोनों में फिट रहना जरूरी होता है, लेकिन पिछले कुछ वर्षों में उनकी फिटनेस सबसे बड़ी चुनौती बनकर सामने आई है।
फिलहाल भारतीय टीम नए खिलाड़ियों को मौका दे रही है और प्रतिस्पर्धा लगातार बढ़ रही है। ऐसे में हार्दिक पांड्या के लिए टीम में वापसी आसान नहीं होगी। अब सभी की नजर उनकी फिटनेस पर है। यदि वह पूरी तरह फिट होकर घरेलू या प्रतिस्पर्धी क्रिकेट में वापसी करते हैं, तो टीम इंडिया में दोबारा जगह बनाने की संभावना बन सकती है। फिलहाल उनके प्रशंसक और भारतीय क्रिकेट प्रेमी उनकी जल्द वापसी का इंतजार कर रहे हैं।

