भारत का आईटी हब कहे जाने वाले बेंगलुरु में बढ़ती जीवन-यापन की लागत एक बार फिर चर्चा का विषय बन गई है। इस बार बहस की शुरुआत एक प्रवासी भारतीय (NRI) की सोशल मीडिया पोस्ट से हुई, जिसने 15 साल बाद भारत लौटने की तैयारी के दौरान अपने संभावित मासिक बजट को लेकर लोगों से सलाह मांगी। पोस्ट वायरल होने के बाद सोशल मीडिया पर बेंगलुरु में रहने की वास्तविक लागत को लेकर बड़ी चर्चा छिड़ गई।
रेडिट पर शेयर की गई इस पोस्ट में NRI ने बताया कि उन्हें उत्तरी बेंगलुरु में एक नई नौकरी मिली है, जिसमें उन्हें सालाना 85 लाख रुपये (85 LPA) का पैकेज मिलेगा। टैक्स कटौती के बाद उनकी मासिक आय लगभग 4.6 लाख रुपये होगी। हालांकि, बजट तैयार करने के बाद उन्हें महसूस हुआ कि खर्चों के बाद बचत के लिए बहुत कम राशि बच रही है।
रेडिट पर मांगी सलाह
यह पोस्ट Reddit के r/personalfinanceindia ग्रुप पर drdessertlover नाम के यूजर द्वारा शेयर की गई। उन्होंने लिखा, “मैं जानना चाहता हूं कि मेरा बजट व्यावहारिक है या मैंने गणना में कोई बड़ी गलती की है।”
पोस्ट के अनुसार, शख्स ने उत्तरी बेंगलुरु में 3 या 4 बीएचके फ्लैट के लिए 70,000 से 90,000 रुपये मासिक किराए का अनुमान लगाया। इसके अलावा, उन्होंने अपने मौजूदा विला के मॉर्गेज के लिए 35,000 रुपये प्रति माह निर्धारित किए।
ये थे अनुमानित मासिक खर्च
शख्स द्वारा तैयार किए गए बजट में निम्नलिखित खर्च शामिल थे:
- किराया: 70,000 से 90,000 रुपये
- विला मॉर्गेज: 35,000 रुपये
- यूटिलिटी बिल: 10,000 रुपये
- कार लीज: 25,000 से 35,000 रुपये
- घरेलू सहायकों का खर्च: 25,000 रुपये
- बच्चों की स्कूल फीस और गतिविधियां: 20,000 रुपये
- किराना और बाहर खाना: 30,000 रुपये
- शॉपिंग और अन्य खर्च: 40,000 रुपये
- यात्रा के लिए बचत: 25,000 रुपये
- बच्चे की उच्च शिक्षा के लिए बचत: 20,000 रुपये
इन सभी खर्चों के बाद शख्स के अनुसार उनके पास नियमित निवेश और बचत के लिए केवल लगभग 1 लाख रुपये ही बच रहे थे।
‘क्या बेंगलुरु इतना महंगा है?’
पोस्ट में NRI ने लिखा, “मुझे यह देखकर हैरानी हुई कि सिर्फ सामान्य जीवन जीने के लिए ही करीब 1.5 लाख रुपये प्रति माह खर्च हो रहे हैं। क्या मेरा अनुमान सही है या मैं कुछ गलत समझ रहा हूं?”
इस सवाल के बाद सोशल मीडिया पर लोगों ने अपने-अपने अनुभव साझा करने शुरू कर दिए।
यूजर्स ने दिए अलग-अलग सुझाव
कई यूजर्स का मानना था कि शख्स का बजट जरूरत से ज्यादा है और इसमें कटौती की जा सकती है।
एक यूजर ने लिखा, “आप एक साथ किराया और होम लोन दोनों चुका रहे हैं, जिससे खर्च बढ़ रहे हैं। इसके अलावा शॉपिंग का बजट भी काफी ज्यादा है।”
वहीं, कुछ लोगों का कहना था कि बेंगलुरु में बच्चों की शिक्षा और घरेलू सहायकों पर वास्तविक खर्च इससे भी अधिक हो सकता है।
एक अन्य यूजर ने लिखा, “अच्छे स्कूलों की फीस और अतिरिक्त गतिविधियों के लिए 20,000 रुपये कम पड़ सकते हैं। आपको कम से कम 30,000 रुपये का बजट रखना चाहिए।”
एक तीसरे यूजर ने कहा, “कुशल घरेलू सहायकों और रसोइयों का खर्च 15,000 रुपये से अधिक होता है, खासकर यदि वे स्वतंत्र रूप से काम करते हों।”
बेंगलुरु में बढ़ती जीवन-यापन लागत पर फिर चर्चा
इस वायरल पोस्ट ने एक बार फिर बेंगलुरु में बढ़ती महंगाई और जीवन-यापन की लागत पर बहस छेड़ दी है। आईटी सेक्टर के विस्तार और बढ़ती मांग के कारण शहर में आवास, शिक्षा और घरेलू सेवाओं की कीमतों में लगातार वृद्धि देखी जा रही है।
हालांकि, कई यूजर्स का मानना है कि 4.6 लाख रुपये की मासिक आय के साथ चार सदस्यों का परिवार आरामदायक जीवन जी सकता है, बशर्ते खर्चों की प्राथमिकताएं सही तरीके से तय की जाएं।
फिलहाल, यह पोस्ट सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रही है और हजारों लोग इस पर अपनी राय साझा कर रहे हैं।

