सिने और टीवी कलाकारों से जुड़े संगठन CINTAA का अंदरूनी विवाद लगातार बढ़ता जा रहा है। संगठन से जुड़े आरोप-प्रत्यारोप के बीच अब मामला सड़क तक पहुंच गया है। हाल ही में पद्मिनी कोल्हापुरे और प्रीति सप्रू के बीच सार्वजनिक जगह पर तीखी बहस होने की खबर सामने आई है। स्थिति इतनी बिगड़ गई कि मौके पर मौजूद पुलिस को हस्तक्षेप करना पड़ा और दोनों पक्षों को शांत कराने की कोशिश करनी पड़ी।
दस्तावेजों को लेकर शुरू हुआ विवाद
CINTAA में पिछले कुछ समय से संगठन के आधिकारिक दस्तावेजों और फाइलों को लेकर विवाद चल रहा है। इससे पहले उपासना सिंह ने संगठन की कुछ पदाधिकारियों पर दस्तावेजों में कथित छेड़छाड़ और सामान हटाने की कोशिश जैसे गंभीर आरोप लगाए थे। इन आरोपों के बाद संगठन के भीतर मतभेद खुलकर सामने आने लगे।
वहीं, पद्मिनी कोल्हापुरे, पूनम ढिल्लों और कुछ अन्य पदाधिकारियों ने अपने ऊपर लगे आरोपों को लेकर सफाई दी थी। उन्होंने मीडिया के सामने अपना पक्ष रखते हुए आरोपों पर सवाल उठाए और अपनी स्थिति स्पष्ट करने की कोशिश की थी।
सड़क पर आमने-सामने आए सदस्य
अब इसी विवाद से जुड़ा एक वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आया है, जिसमें CINTAA के कुछ सदस्यों को पद्मिनी कोल्हापुरे से सवाल करते देखा जा सकता है। बताया जा रहा है कि संगठन के आधिकारिक कागजात को लेकर उठे सवालों के दौरान माहौल गरमा गया।
कुछ सदस्यों की ओर से कथित तौर पर यह सवाल किया गया कि क्या संगठन के दस्तावेज दूसरी जगह ले जाए गए थे। इस पर पद्मिनी कोल्हापुरे ने उनसे समिति को भंग करने से संबंधित पत्र दिखाने को कहा। बातचीत के दौरान दोनों पक्षों के बीच बहस बढ़ती चली गई।
प्रीति सप्रू से भी हुई तीखी बहस
विवाद बढ़ने के बाद पद्मिनी कोल्हापुरे और प्रीति सप्रू के बीच भी तीखी बहस देखने को मिली। मौके पर मौजूद अन्य लोगों ने स्थिति को संभालने की कोशिश की, लेकिन मामला शांत नहीं हुआ। इसके बाद पुलिस को हस्तक्षेप करना पड़ा।
वहीं, पूनम ढिल्लों ने अपनी गाड़ी की तलाशी लिए जाने पर सवाल उठाया। इस दौरान घटनास्थल पर मौजूद एक अन्य सदस्य की ओर से वीडियो रिकॉर्ड किए जाने की बात भी सामने आई, जिसको लेकर वहां मौजूद लोगों में नाराजगी देखने को मिली।
पुलिस ने सभी पक्षों को शांत कराया
मामले को बढ़ता देख पुलिस अधिकारियों ने हस्तक्षेप किया और सभी पक्षों को शांत रहने के लिए कहा। पुलिस की ओर से यह स्पष्ट किया गया कि वह इस विवाद में किसी एक पक्ष का समर्थन नहीं कर रही है और सभी लोगों के साथ समान व्यवहार किया जाएगा।
पुलिस ने मौके पर मौजूद लोगों को आपसी बहस बढ़ाने के बजाय कानून-व्यवस्था बनाए रखने की हिदायत दी। अधिकारी ने यह भी कहा कि सभी पक्षों को एक-दूसरे की बात सुननी चाहिए और सार्वजनिक जगह पर इस तरह विवाद नहीं बढ़ाना चाहिए।
फिलहाल CINTAA का यह विवाद लगातार सुर्खियों में बना हुआ है। संगठन से जुड़े आरोपों के बीच अब सार्वजनिक रूप से हुई बहस ने मामले को और तूल दे दिया है। आने वाले दिनों में यह देखना अहम होगा कि संगठन इस पूरे विवाद को सुलझाने के लिए क्या कदम उठाता है।

