उत्तराखंड के चमोली जिले में जोशीमठ के पास हुए हेलीकॉप्टर हादसे ने कई परिवारों को गहरे सदमे में डाल दिया है। इस दुर्घटना में पायलट समेत छह लोगों की जान चली गई। मृतकों में कर्नाटक के पांच दोस्त शामिल थे, जो चार धाम यात्रा पर निकले थे। हादसे में जान गंवाने वालों में बेंगलुरु पुलिस के इंस्पेक्टर अरुण सालुंके भी शामिल थे। दुर्घटना के बाद सभी शव बरामद कर लिए गए हैं और मामले की जांच विमान दुर्घटना जांच ब्यूरो को सौंप दी गई है।
बदरीनाथ से लौटते समय हुआ हादसा
जानकारी के अनुसार, हेलीकॉप्टर बदरीनाथ से ऋषिकेश की ओर जा रहा था। इसी दौरान जोशीमठ के पास वह दुर्घटनाग्रस्त हो गया। हेलीकॉप्टर में पायलट सहित छह लोग सवार थे। हादसे में किसी की जान नहीं बच सकी। दुर्घटना के कारणों का पता लगाने के लिए जांच शुरू कर दी गई है। जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा कि हेलीकॉप्टर किस वजह से दुर्घटनाग्रस्त हुआ।
तीन दिन पहले चार धाम यात्रा पर निकले थे दोस्त
हादसे में जान गंवाने वाले पांचों दोस्त कर्नाटक के रहने वाले थे। वे कुछ दिन पहले ही चार धाम यात्रा के लिए निकले थे। उनकी योजना शुक्रवार शाम तक बेंगलुरु लौटने की थी। घरों में परिवार के सदस्य और परिचित उनके वापस आने का इंतजार कर रहे थे, लेकिन इसी बीच हेलीकॉप्टर दुर्घटना की खबर ने सभी को स्तब्ध कर दिया।
बताया गया है कि यात्रा के दौरान दोस्तों में से एक ने हादसे से कुछ घंटे पहले अपने बचपन के मित्र से बातचीत की थी। उसने बताया था कि वे हेलीकॉप्टर में मौसम साफ होने का इंतजार कर रहे थे। इसके बाद हुई दुर्घटना ने यात्रा को एक दर्दनाक हादसे में बदल दिया।
बेंगलुरु पुलिस में इंस्पेक्टर थे अरुण सालुंके
मृतकों में शामिल 44 वर्षीय अरुण सालुंके कर्नाटक पुलिस के 2007 बैच के अधिकारी थे। वह बेलगावी जिले के अथानी तालुक स्थित अरातल गांव के रहने वाले थे। पुलिस सेवा में आने से पहले उन्होंने बेंगलुरु के एमएस रमैया इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी से पढ़ाई पूरी की थी।
अपने करियर के दौरान उन्होंने हलसूर पुलिस स्टेशन और अपराध जांच विभाग में भी सेवाएं दी थीं। बाद में वह बेंगलुरु पुलिस की केंद्रीय अपराध शाखा में इंस्पेक्टर के पद पर कार्यरत थे। उनके सहकर्मियों और परिचितों के लिए यह खबर गहरा झटका है।
मिलनसार स्वभाव के लिए जाने जाते थे
अरुण सालुंके के परिचितों के अनुसार, उनका व्यवहार मिलनसार था और वह अपने आसपास रहने वाले लोगों के साथ अच्छे संबंध रखते थे। जिस अपार्टमेंट में वह किराए पर रहते थे, वहां के लोगों ने भी उनके सरल स्वभाव को याद किया। पड़ोसियों के मुताबिक, सुबह की सैर के दौरान उनसे अक्सर मुलाकात होती थी। उनकी दिनचर्या काफी नियमित थी और वह आमतौर पर सुबह ड्यूटी के लिए निकलते तथा रात में घर लौटते थे।
दुर्घटना की जांच जारी
इस हादसे के बाद मृतकों के परिवारों पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। फिलहाल दुर्घटना के वास्तविक कारणों का पता लगाने के लिए जांच की जा रही है। अधिकारियों की जांच में हेलीकॉप्टर की तकनीकी स्थिति, उड़ान से जुड़ी परिस्थितियों और मौसम सहित विभिन्न पहलुओं की पड़ताल की जा सकती है। जांच पूरी होने के बाद ही दुर्घटना के कारणों को लेकर अधिक स्पष्ट जानकारी सामने आएगी।

