नई दिल्ली: दम आलू भारत की लोकप्रिय सब्जियों में से एक है, जिसे अलग-अलग राज्यों और क्षेत्रों में अलग तरीके से तैयार किया जाता है। पंजाब से लेकर उत्तर भारत और कश्मीर तक दम आलू के स्वाद और बनाने के तरीके में काफी अंतर देखने को मिलता है। अगर आप कुछ ऐसा बनाना चाहते हैं जिसमें प्याज, लहसुन, अदरक और टमाटर का इस्तेमाल न हो, तो कश्मीरी पंडितों की पारंपरिक शैली वाला कश्मीरी दम आलू एक बेहतरीन विकल्प हो सकता है।
कश्मीरी दम आलू की खासियत इसका मसाला है। इसमें कश्मीरी लाल मिर्च, सौंफ और सौंठ जैसे मसालों का इस्तेमाल किया जाता है, जो सब्जी को अलग स्वाद और खुशबू देते हैं। इसे छोटे आलू से बनाना ज्यादा अच्छा माना जाता है।
छोटे आलू से करें शुरुआत
कश्मीरी दम आलू बनाने के लिए करीब 5-6 छोटे आलू लें। आलू को अच्छी तरह धोकर छील लें। इसके बाद कांटे की मदद से आलू में छोटे-छोटे छेद कर दें। इससे मसालों का स्वाद आलू के अंदर तक अच्छी तरह पहुंचता है।
अगर छोटे आलू उपलब्ध नहीं हैं तो बड़े आलू को छोटे टुकड़ों में काटकर भी इस्तेमाल किया जा सकता है।
आलू को करें हल्का फ्राई
अब कड़ाही में सरसों का तेल या अपनी पसंद का खाना पकाने वाला तेल डालें। तेल गर्म होने के बाद इसमें आलू डालकर मध्यम आंच पर पकाएं। आलू को बीच-बीच में चलाते रहें ताकि वे सभी तरफ से अच्छी तरह पक सकें।
आलू को करीब 80 प्रतिशत तक पकाने के बाद कड़ाही से निकालकर अलग रख दें। ध्यान रखें कि आलू पूरी तरह गलने नहीं चाहिए, क्योंकि इन्हें बाद में ग्रेवी में भी पकाया जाएगा।
कश्मीरी मसाले बनाएंगे स्वाद खास
अब एक कटोरी में 2-3 चम्मच धनिया पाउडर, 2-3 बड़े चम्मच कश्मीरी लाल मिर्च, थोड़ी हल्दी, 2-3 चम्मच पिसी हुई सौंफ और करीब 1 चम्मच सौंठ पाउडर लें। इसमें थोड़ा पानी डालकर मसालों का पेस्ट तैयार करें।
दूसरी तरफ 3-4 चम्मच गाढ़ा और ताजा दही लें। दही ज्यादा खट्टा न हो। इसे अच्छी तरह फेंटकर एक तरफ रख दें।
खड़े मसालों का लगाएं तड़का
आलू फ्राई करने वाली कड़ाही में से अतिरिक्त तेल निकाल दें और करीब एक बड़ा चम्मच तेल रहने दें। तेल गर्म होने पर इसमें हींग और जीरा डालें।
इसके बाद 2-3 लौंग, थोड़ी कुटी हुई काली मिर्च, दालचीनी का एक टुकड़ा, एक बड़ी इलायची और तेज पत्ता डालकर भूनें। मसालों के चटकने के बाद तैयार किया हुआ सूखा मसाला पेस्ट डालें और अच्छी तरह मिलाएं।
मसाले को धीमी-मध्यम आंच पर तब तक भूनें जब तक तेल अलग दिखाई देने न लगे। यही प्रक्रिया कश्मीरी दम आलू की ग्रेवी का असली स्वाद तैयार करती है।
दही डालते समय रखें खास ध्यान
मसाला भुन जाने के बाद गैस बंद कर कड़ाही को थोड़ा ठंडा होने दें। अब इसमें फेंटा हुआ दही डालें और लगातार चलाते रहें। इसके बाद गैस दोबारा धीमी आंच पर चालू करें और दही को लगातार चलाते हुए पकाएं।
दही में एक उबाल आने तक इसे चलाते रहना जरूरी है, ताकि दही फटे नहीं। इसके बाद जरूरत के मुताबिक पानी डालकर ग्रेवी की कंसिस्टेंसी तय करें।
अंत में डालें फ्राई किए हुए आलू
अब फ्राई किए हुए आलू ग्रेवी में डालें और धीमी आंच पर कुछ देर पकने दें। इससे आलू मसालों का स्वाद अच्छी तरह सोख लेंगे। करीब 10-15 मिनट तक पकाने के बाद जब ग्रेवी गाढ़ी हो जाए और तेल ऊपर दिखाई देने लगे, तो आपका कश्मीरी दम आलू तैयार है।
इसे गर्मागर्म चावल, रोटी या नान के साथ परोसा जा सकता है। बिना प्याज-लहसुन के तैयार यह पारंपरिक कश्मीरी दम आलू घर के सामान्य खाने में एक अलग और स्वादिष्ट ट्विस्ट देने के लिए बेहतरीन विकल्प है।

