ऑस्ट्रेलिया और दक्षिण अफ्रीका के बीच खेले जा रहे टेस्ट मुकाबले में सलामी बल्लेबाज निक मैडिसन की वापसी उम्मीद के मुताबिक नहीं रही। लगभग 10 साल बाद टेस्ट टीम में लौटे इस बल्लेबाज को अपनी प्रतिभा साबित करने का मौका मिला, लेकिन वह बड़ी पारी खेलने में नाकाम रहे। पहली पारी में बिना खाता खोले आउट होने के बाद दूसरी पारी में उन्होंने 48 रन जरूर बनाए, लेकिन अर्धशतक पूरा करने से चूक गए। उनकी इस पारी के बावजूद ऑस्ट्रेलिया की टीम के लिए उनकी व्यक्तिगत बल्लेबाजी चर्चा का विषय बनी हुई है।
पहली पारी में 33 गेंद खेलने के बाद भी नहीं खोल पाए खाता
निक मैडिसन के लिए पहली पारी बेहद निराशाजनक रही। सलामी बल्लेबाज के रूप में मैदान पर उतरे मैडिसन ने क्रीज पर टिकने की कोशिश की और 33 गेंदों का सामना किया, लेकिन वह एक भी रन नहीं बना सके। आखिरकार उन्हें शून्य के स्कोर पर पवेलियन लौटना पड़ा।
टेस्ट क्रिकेट में लंबे समय बाद वापसी करने वाले किसी भी खिलाड़ी के लिए पहली पारी काफी अहम होती है। मैडिसन भी अपनी वापसी को यादगार बनाना चाहते थे, लेकिन पहली पारी में उनका प्रदर्शन उम्मीदों पर खरा नहीं उतर सका। बिना कोई रन बनाए आउट होने के कारण उन पर दूसरी पारी में बेहतर प्रदर्शन करने का दबाव बढ़ गया था।
दूसरी पारी में तेज बल्लेबाजी, लेकिन अर्धशतक से चूके
दूसरी पारी में निक मैडिसन ने पहले की तुलना में बेहतर बल्लेबाजी की। उन्होंने आक्रामक अंदाज अपनाते हुए तेजी से रन बनाने की कोशिश की। मैडिसन ने 38 गेंदों पर 48 रन बनाए, जिसमें छह चौके और दो छक्के शामिल रहे।
उनकी बल्लेबाजी में तेजी और आक्रामकता देखने को मिली। हालांकि, वह अपनी पारी को अर्धशतक में नहीं बदल सके और 48 रन बनाकर आउट हो गए। पहली पारी में शून्य पर आउट होने के बाद दूसरी पारी में उनका यह प्रदर्शन कुछ राहत देने वाला जरूर रहा, लेकिन टेस्ट क्रिकेट में बड़ी पारी खेलने की उनकी कोशिश अधूरी रह गई।
दिसंबर 2016 में खेला था पिछला टेस्ट मुकाबला
निक मैडिसन ने इससे पहले दिसंबर 2016 में पाकिस्तान के खिलाफ टेस्ट मैच खेला था। इसके बाद उन्हें लंबे समय तक टेस्ट टीम में खेलने का मौका नहीं मिला। अब करीब एक दशक बाद उनकी वापसी हुई, लेकिन वह इस अवसर का पूरा फायदा नहीं उठा सके।
उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार, मैडिसन ने अब तक तीन टेस्ट मैचों में कुल 27 रन बनाए हैं और उनका बल्लेबाजी औसत 6.75 रहा है। ऐसे आंकड़े निश्चित रूप से उनके लिए चिंता का विषय हो सकते हैं। अब उनकी नजर आगामी मुकाबलों में बेहतर प्रदर्शन करके टीम में अपनी जगह मजबूत करने पर होगी।
ऑस्ट्रेलिया और दक्षिण अफ्रीका के बीच कड़ा मुकाबला
इस टेस्ट मुकाबले में दोनों टीमों के बीच कड़ी प्रतिस्पर्धा देखने को मिल रही है। ऑस्ट्रेलिया ने अपनी पहली पारी में 390 रन बनाए थे। इसके जवाब में दक्षिण अफ्रीका की टीम पहली पारी में 284 रन ही बना सकी। इस तरह ऑस्ट्रेलिया को पहली पारी के आधार पर महत्वपूर्ण बढ़त हासिल हुई।
पहली पारी में बढ़त मिलने के बाद ऑस्ट्रेलिया ने दूसरी पारी में भी रन जुटाए, जिससे मुकाबले में उसकी स्थिति मजबूत करने का अवसर मिला। वहीं दक्षिण अफ्रीका के सामने लक्ष्य का पीछा करने की चुनौती होगी।
मैच में दोनों टीमों के बल्लेबाजों और गेंदबाजों के प्रदर्शन पर सभी की नजरें टिकी हुई हैं। निक मैडिसन की वापसी भले ही उम्मीदों के मुताबिक नहीं रही, लेकिन दूसरी पारी में उनके 48 रन यह संकेत देते हैं कि वह आक्रामक बल्लेबाजी करने में सक्षम हैं। अब देखना होगा कि आगामी मुकाबलों में वह अपनी शुरुआत को बड़ी पारियों में बदल पाते हैं या नहीं।

