भारत और अमेरिका के बीच लंबे समय से चल रही द्विपक्षीय ट्रेड डील को लेकर एक बार फिर हलचल तेज हो गई है। दोनों देशों के अधिकारी समझौते को अंतिम रूप देने की दिशा में लगातार बातचीत कर रहे हैं। अमेरिकी पक्ष की ओर से संकेत दिया गया है कि वार्ता अब अपने अंतिम चरण में पहुंच चुकी है, हालांकि तत्काल किसी अंतिम समझौते की घोषणा की उम्मीद नहीं है। कुछ अहम मुद्दों पर अभी दोनों देशों के बीच सहमति बनना बाकी है।
अमेरिकी व्यापार प्रतिनिधि जैमिसन ग्रीर ने कहा है कि भारत और अमेरिका के बीच बातचीत अंतिम दौर में है। उनके मुताबिक, दोनों पक्षों ने उन प्रमुख मुद्दों की पहचान कर ली है, जिन पर अभी मतभेद बने हुए हैं। इन मुद्दों को सुलझाने के लिए दोनों देशों की टीमें लगातार काम कर रही हैं।
मोदी और ट्रंप के बीच फिर हो सकती है बातचीत
ट्रेड डील को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के बीच हाल में फोन पर बातचीत हुई थी। दोनों नेताओं ने व्यापार के साथ-साथ रक्षा, ऊर्जा, महत्वपूर्ण तकनीक और आपसी हित से जुड़े अन्य क्षेत्रों में सहयोग की समीक्षा की थी। अब अमेरिकी पक्ष ने संकेत दिया है कि दोनों नेता जल्द ही दोबारा बातचीत कर सकते हैं, ताकि समझौते की प्रगति और मौजूदा स्थिति का जायजा लिया जा सके।
हालांकि, इस संभावित बातचीत की कोई निश्चित तारीख अभी सामने नहीं आई है। ऐसे में फिलहाल इसे दोनों देशों के बीच जारी वार्ता की अगली संभावित कड़ी के तौर पर देखा जा रहा है।
वाणिज्य मंत्री की अमेरिकी अधिकारी से मुलाकात
ट्रेड डील को लेकर भारत की ओर से भी बातचीत तेज की गई है। वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने अमेरिका के व्यापार प्रतिनिधि जैमिसन ग्रीर के साथ मिलकर समझौते को जल्द आगे बढ़ाने पर चर्चा की। यह बैठक अमेरिका के मिलवॉकी में आयोजित जी20 व्यापार मंत्रियों की बैठक के दौरान हुई।
बैठक में दोनों पक्षों ने प्रस्तावित अंतरिम समझौते को जल्द पूरा करने की दिशा में बातचीत की। भारतीय पक्ष की ओर से इसे दोनों देशों के लिए संतुलित और पारस्परिक रूप से लाभकारी समझौते की दिशा में महत्वपूर्ण चर्चा बताया गया है।
किन मुद्दों पर बनी हुई है सहमति की जरूरत?
ट्रेड डील के अंतिम रूप तक पहुंचने से पहले कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर बातचीत जारी है। दोनों देशों के अधिकारी बाजार पहुंच, शुल्क और व्यापार से जुड़े अन्य विषयों पर सहमति बनाने की कोशिश कर रहे हैं। अमेरिकी पक्ष ने स्पष्ट किया है कि कुछ मुद्दे अभी भी बातचीत के केंद्र में हैं और उन्हें सुलझाने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं।
भारत और अमेरिका ने फरवरी 2026 में द्विपक्षीय व्यापार समझौते के पहले चरण के लिए एक रूपरेखा पर काम आगे बढ़ाने की घोषणा की थी। इसके बाद शुल्क व्यवस्था में बदलाव और अन्य व्यापारिक मुद्दों के चलते बातचीत के कुछ हिस्सों पर आगे चर्चा की जरूरत बनी रही।
फिलहाल दोनों देशों की टीमें बातचीत को अंतिम रूप देने की कोशिश में जुटी हैं। ऐसे में आने वाले दिनों में होने वाली उच्चस्तरीय बातचीत और अधिकारियों के बीच चर्चा से समझौते की अगली तस्वीर साफ हो सकती है।

