भारतीय क्रिकेट टीम के स्टार बल्लेबाज रोहित शर्मा वेस्टइंडीज के खिलाफ न्यू चंडीगढ़ में खेले जा रहे तीसरे वनडे मुकाबले में शानदार पारी खेलने के बावजूद शतक पूरा करने से चूक गए। रोहित 85 गेंदों में 92 रन बनाकर आउट हुए। उन्होंने अपनी पारी में 10 चौके और 3 छक्के लगाए। वह अपने शतक से महज 8 रन दूर थे। हालांकि शतक से चूकने के बावजूद उनकी पारी ने टीम की पारी को संभालने में अहम भूमिका निभाई।
रोहित शर्मा के लिए यह पारी इसलिए भी खास रही क्योंकि उन्होंने वनडे क्रिकेट में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की। वह वनडे क्रिकेट में सबसे तेज 10 हजार रन पूरे करने वाले ओपनर बन गए। इसके अलावा, 92 रन की पारी के दौरान उन्होंने अपने अनुभव और आक्रामक बल्लेबाजी का शानदार प्रदर्शन किया।
मुकाबले में भारतीय टीम की शुरुआत अच्छी नहीं रही। पारी के तीसरे ओवर में कप्तान शुभमन गिल आउट हो गए। इसके तुरंत बाद विराट कोहली भी बिना खाता खोले पवेलियन लौट गए। महज 4 रन के स्कोर पर भारत ने अपने दो महत्वपूर्ण विकेट गंवा दिए थे। ऐसे मुश्किल समय में रोहित शर्मा ने रुतुराज गायकवाड़ के साथ मिलकर पारी को संभाला।
दोनों बल्लेबाजों के बीच 100 से अधिक रनों की साझेदारी हुई। रोहित ने एक छोर संभालकर तेजी से रन बनाए और टीम को शुरुआती झटकों से उबारने का काम किया। उनकी बल्लेबाजी के दौरान कई आकर्षक शॉट देखने को मिले। हालांकि शतक के करीब पहुंचने के बाद वह 92 रन के निजी स्कोर पर अपना विकेट गंवा बैठे। उनके आउट होने के समय भारतीय टीम का स्कोर 141 रन था।
रोहित शर्मा करीब सात साल बाद वनडे क्रिकेट में 90 के स्कोर पर आउट हुए हैं। इससे पहले मार्च 2019 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ मोहाली में खेले गए मुकाबले में वह 90 रन बनाकर आउट हुए थे। अपने वनडे करियर में रोहित शर्मा अब तक सातवीं बार 90 के स्कोर के आसपास आउट होकर शतक से चूक चुके हैं।
इस पारी के साथ रोहित शर्मा ने एक अनचाहा रिकॉर्ड भी अपने नाम कर लिया। वह भारत के लिए सबसे अधिक उम्र में नर्वस 90s का शिकार होने वाले बल्लेबाज बन गए हैं। तीसरे वनडे के दिन उनकी उम्र 39 साल और 156 दिन थी। इससे पहले यह रिकॉर्ड सचिन तेंदुलकर के नाम था, जो 2011 में 38 साल और 212 दिन की उम्र में 90 के दशक में आउट हुए थे।
भारतीय क्रिकेट में इस सूची में सुनील गावस्कर का नाम भी शामिल है। गावस्कर 1987 में 37 साल और 246 दिन की उम्र में 90 के स्कोर पर आउट हुए थे। इस तरह रोहित शर्मा ने उम्र के मामले में दोनों दिग्गज बल्लेबाजों को पीछे छोड़ते हुए यह अनचाहा रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया।
शतक से महज आठ रन दूर रह जाना निश्चित तौर पर रोहित के लिए निराशाजनक रहा होगा, लेकिन उनकी 92 रन की पारी ने भारतीय टीम को मुश्किल शुरुआत से बाहर निकालने में महत्वपूर्ण योगदान दिया। साथ ही, इस पारी के दौरान हासिल की गई उपलब्धियां उनके शानदार वनडे करियर में एक और अध्याय जोड़ती हैं।

