नई दिल्ली: भारतीय शेयर बाजार में बुधवार, 27 अगस्त को लगातार दूसरे कारोबारी सत्र में गिरावट देखने को मिली। सप्ताह के बीच कारोबार के दौरान बाजार पर बिकवाली का दबाव बना रहा। बैंकिंग, ऑटो और आईटी शेयरों में कमजोरी का असर प्रमुख सूचकांकों पर पड़ा। कारोबार खत्म होने के बाद सेंसेक्स 539 अंक से ज्यादा टूटकर 76,933.59 के स्तर पर बंद हुआ, जबकि निफ्टी 24,100 के नीचे फिसलकर 24,090.85 पर आ गया।
दिनभर बाजार में उतार-चढ़ाव देखने को मिला, लेकिन कारोबार के अंतिम चरण में बिकवाली का दबाव कायम रहा। निवेशकों की सतर्कता के बीच कई बड़े शेयरों में गिरावट दर्ज की गई। बाजार की कमजोर चाल का असर व्यापक स्तर पर भी दिखाई दिया।
सेंसेक्स 539 अंक से ज्यादा टूटा
बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज का प्रमुख सूचकांक सेंसेक्स 539.35 अंक यानी 0.70 फीसदी की गिरावट के साथ 76,933.59 पर बंद हुआ। वहीं, नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी 50 इंडेक्स 116.90 अंक यानी 0.48 फीसदी फिसलकर 24,090.85 पर पहुंच गया।
बाजार की चौड़ाई भी बुधवार को कमजोर रही। BSE पर कुल 2,392 शेयर गिरावट के साथ बंद हुए, जबकि 1,736 शेयरों में तेजी दर्ज की गई। वहीं, 167 शेयर बिना किसी बदलाव के बंद हुए। इससे पता चलता है कि बाजार में बड़ी संख्या में शेयरों पर बिकवाली का दबाव रहा।
HDFC बैंक और M&M समेत इन शेयरों में गिरावट
बुधवार के कारोबार में कई दिग्गज शेयरों में कमजोरी देखने को मिली। HDFC बैंक 1.75 फीसदी और महिंद्रा एंड महिंद्रा करीब 1.65 फीसदी टूटे। इसके अलावा NTPC में 1.58 फीसदी, इंडिगो में 1.17 फीसदी और HCL टेक्नोलॉजीज में 0.99 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई।
एयरटेल, SBI, ITC और रिलायंस इंडस्ट्रीज के शेयर भी दबाव में रहे। वहीं, हिंडाल्को इंडस्ट्रीज और श्रीराम फाइनेंस में भी बिकवाली का असर दिखाई दिया।
इन शेयरों ने बाजार को संभाला
हालांकि, बाजार में गिरावट के बीच कुछ शेयरों में निवेशकों ने जमकर खरीदारी की। कोटक महिंद्रा बैंक 1.84 फीसदी की तेजी के साथ दिन के प्रमुख लाभार्थियों में रहा। अदानी पोर्ट्स में 1.33 फीसदी और टेक महिंद्रा में 1.27 फीसदी की बढ़त दर्ज की गई।
इसके अलावा ICICI बैंक 1.20 फीसदी, एशियन पेंट्स 0.93 फीसदी और टाइटन 0.89 फीसदी चढ़े। भारत इलेक्ट्रॉनिक्स (BEL), सन फार्मा, सिप्ला और अदानी एंटरप्राइजेज के शेयरों में भी खरीदारी देखने को मिली।
लगातार दूसरे दिन बाजार में कमजोरी
बाजार में लगातार दूसरे कारोबारी सत्र की गिरावट से निवेशकों की चिंता बढ़ी है। बैंकिंग, ऑटो और आईटी जैसे प्रमुख सेक्टरों में बिकवाली ने बाजार पर दबाव बनाया। हालांकि, कुछ चुनिंदा बड़े शेयरों में खरीदारी ने गिरावट को सीमित करने में मदद की।
अब निवेशकों की नजर अगले कारोबारी सत्र में बाजार की दिशा पर रहेगी। विशेषज्ञों के मुताबिक, वैश्विक संकेतों, विदेशी निवेशकों की गतिविधियों और प्रमुख सेक्टरों के प्रदर्शन का असर आने वाले दिनों में भारतीय शेयर बाजार पर देखने को मिल सकता है।

