नई दिल्ली/इम्फाल: मणिपुर में राष्ट्रपति शासन खत्म हो गया है। गृह मंत्रालय ने इस संबंध में नोटिफिकेशन जारी कर दिया है। इसके साथ ही आज शाम 6 बजे युमनाम खेमचंद सिंह राज्य के मुख्यमंत्री पद की शपथ लेंगे। शपथ ग्रहण समारोह ‘लोक भवन’ में आयोजित होगा, जहां सुबह से ही तैयारियां पूरी कर ली गई हैं।
मणिपुर में पिछले साल फरवरी से राष्ट्रपति शासन लागू था। राज्य में लगातार हिंसा और राजनीतिक अस्थिरता के कारण यह कदम उठाया गया था। गृह मंत्रालय ने कहा कि युमनाम खेमचंद सिंह के अनुभवी और दूरदर्शी नेतृत्व में मणिपुर अब शांति, विकास और सुशासन के मार्ग पर आगे बढ़ेगा, जिससे राज्य में स्थिरता और प्रगति का नया युग शुरू होगा।
इसके पहले सिंह और उनके नेतृत्व में राजग प्रतिनिधिमंडल ने राज्यपाल अजय कुमार भल्ला से लोक भवन में मुलाकात कर सरकार बनाने का दावा पेश किया। इस प्रतिनिधिमंडल में चुराचांदपुर और फेरजॉल के कुकी-जो बहुल जिलों के दो विधायक भी शामिल थे।
युमनाम खेमचंद सिंह को मंगलवार को बीजेपी विधायक दल का नेता और उसके बाद एनडीए विधायक दल का नेता चुना गया। इसके साथ ही बीजेपी के विधायक थोंगबम बिस्वजीत ने बताया कि सिंह समेत पाँच विधायक मंत्री पद की शपथ लेंगे।
बीजेपी मणिपुर इकाई ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर घोषणा करते हुए कहा, “वाई खेमचंद सिंह का मणिपुर के माननीय मुख्यमंत्री के तौर पर शपथ ग्रहण समारोह आज यानी चार फरवरी 2026 को शाम छह बजे लोक भवन में होगा।”
विशेषज्ञों का कहना है कि युमनाम खेमचंद सिंह का नेतृत्व मणिपुर में राजनीतिक स्थिरता और सामाजिक शांति लौटाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है। उनके अनुभव और नीतिगत दृष्टिकोण से राज्य में विकास और सुशासन को मजबूती मिलेगी।
राज्य की राजनीतिक हलचल के बीच, मणिपुर की जनता इस बदलाव को लेकर आशावादी है। राष्ट्रपति शासन के अंत के साथ ही राज्य में लोकतांत्रिक प्रक्रिया और राजनीतिक जिम्मेदारी की बहाली हुई है। शपथ ग्रहण के बाद नई सरकार विकास, कानून व्यवस्था और सामाजिक कल्याण पर ध्यान केंद्रित करेगी।
आज के शपथ ग्रहण समारोह में राज्य के विभिन्न हिस्सों से विधायक, अधिकारी और वरिष्ठ नेता शामिल होंगे। राज्य की सुरक्षा और आयोजन की व्यवस्थाओं को ध्यान में रखते हुए व्यापक इंतजाम किए गए हैं।
मणिपुर के लिए यह एक नया राजनीतिक अध्याय है, जिसमें जनता और सरकार के बीच विश्वास बहाली का प्रयास किया जाएगा। युमनाम खेमचंद सिंह की नई सरकार राज्य में शांति, विकास और स्थिरता के लिए काम करने की दिशा में कदम बढ़ाएगी।

