नई दिल्ली: पाकिस्तान क्रिकेट टीम के तेज गेंदबाज हारिस रऊफ को इंग्लैंड के खिलाफ वनडे मुकाबले में अपने व्यवहार के कारण कार्रवाई का सामना करना पड़ा है। अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद ने उन्हें आचार संहिता के लेवल-1 उल्लंघन का दोषी मानते हुए आधिकारिक फटकार लगाई है। इसके साथ ही उनकी मैच फीस का 20 प्रतिशत जुर्माना भी लगाया गया है। इस मामले में रऊफ के अनुशासनात्मक रिकॉर्ड में एक डिमेरिट पॉइंट भी जोड़ा गया है।
यह घटना 25 अक्टूबर को लाहौर में पाकिस्तान और इंग्लैंड के बीच खेले गए वनडे मुकाबले के दौरान हुई थी। पाकिस्तान ने रोमांचक मैच में एक विकेट से जीत दर्ज की थी और ट्राई सीरीज के फाइनल में जगह बनाई थी। हालांकि, जीत के बाद भी हारिस रऊफ का व्यवहार चर्चा का विषय बन गया।
विल जैक्स के साथ बहस के बाद हुई कार्रवाई
मुकाबले के दौरान हारिस रऊफ और इंग्लैंड के ऑलराउंडर विल जैक्स के बीच मैदान पर बहस हुई थी। बताया गया कि अंपायर की चेतावनी के बावजूद रऊफ ने अपना व्यवहार जारी रखा। इसके बाद मामले को गंभीरता से लेते हुए उनके खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की गई।
रऊफ को खिलाड़ियों और उनके सहयोगी स्टाफ से संबंधित आचार संहिता के अनुच्छेद 2.2 के उल्लंघन का दोषी पाया गया। यह नियम क्रिकेट के दौरान खेल भावना के विपरीत व्यवहार और अनुचित आचरण से जुड़ा है।
इस उल्लंघन के लिए उन्हें आधिकारिक फटकार के साथ मैच फीस का 20 प्रतिशत जुर्माना भरना होगा। इसके अलावा, उनके रिकॉर्ड में एक डिमेरिट पॉइंट भी दर्ज किया गया है।
क्या होता है डिमेरिट पॉइंट?
क्रिकेट में खिलाड़ियों के अनुशासनात्मक रिकॉर्ड को ध्यान में रखते हुए डिमेरिट पॉइंट दिए जाते हैं। किसी खिलाड़ी द्वारा आचार संहिता का उल्लंघन किए जाने पर उसके खिलाफ कार्रवाई के साथ ऐसे अंक जोड़े जा सकते हैं।
हारिस रऊफ के मामले में भी एक डिमेरिट पॉइंट दर्ज किया गया है। यह अंक उनके पिछले 24 महीनों के अनुशासनात्मक रिकॉर्ड में शामिल होगा। यदि कोई खिलाड़ी इस अवधि में बार-बार नियमों का उल्लंघन करता है, तो उसके खिलाफ आगे और सख्त कार्रवाई हो सकती है।
हालांकि, मौजूदा मामले में रऊफ पर मैच फीस का 20 प्रतिशत जुर्माना और आधिकारिक फटकार लगाई गई है।
रोमांचक जीत के बावजूद पाकिस्तान के गेंदबाज पर नजरें
पाकिस्तान ने इंग्लैंड के खिलाफ बेहद रोमांचक मुकाबले में एक विकेट से जीत हासिल की थी। इस जीत के साथ टीम ने वनडे ट्राई सीरीज के फाइनल में अपनी जगह पक्की कर ली। लेकिन मैच के बाद हारिस रऊफ पर हुई कार्रवाई ने टीम के प्रदर्शन के साथ-साथ खिलाड़ियों के अनुशासन को भी चर्चा में ला दिया।
रऊफ पाकिस्तान के प्रमुख तेज गेंदबाजों में शामिल हैं और मैदान पर अपने आक्रामक अंदाज के लिए जाने जाते हैं। हालांकि, अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में खिलाड़ियों से खेल भावना और नियमों का पालन करने की अपेक्षा की जाती है।
स्लो ओवर रेट के कारण इंग्लैंड पर भी कार्रवाई
इस मुकाबले के बाद इंग्लैंड की टीम को भी नुकसान उठाना पड़ा। टीम पर निर्धारित समय में अपने ओवर पूरे नहीं करने यानी स्लो ओवर रेट के कारण कार्रवाई की गई। हालांकि, उपलब्ध जानकारी में इंग्लैंड पर लगाए गए जुर्माने या अन्य सजा का पूरा विवरण नहीं दिया गया है।
इस तरह रोमांचक मुकाबले के बाद दोनों टीमों से जुड़ी अनुशासनात्मक कार्रवाई चर्चा में रही।

