टीवी के लोकप्रिय धारावाहिक ‘महाभारत’ में अश्वत्थामा की भूमिका निभाकर घर-घर में पहचान बनाने वाले दिग्गज अभिनेता प्रदीप रावत का 74 वर्ष की उम्र में निधन हो गया। उन्होंने 4 अगस्त 2026 को अंतिम सांस ली। उनके निधन की खबर से फिल्म और टेलीविजन इंडस्ट्री में शोक की लहर है। लंबे समय तक ब्लड कैंसर से जूझने के बाद उन्होंने इस दुनिया को अलविदा कहा। उनके मैनेजर ने उनके निधन की पुष्टि की है।
प्रदीप रावत पिछले करीब पांच वर्षों से ब्लड कैंसर से पीड़ित थे और पिछले लगभग एक महीने से अस्पताल में उनका इलाज चल रहा था। उनके निधन के बाद सोशल मीडिया पर फिल्म और टीवी जगत की कई हस्तियों ने उन्हें श्रद्धांजलि दी और उनके अभिनय को याद किया।
प्रदीप रावत ने अपने अभिनय करियर की शुरुआत बी.आर. चोपड़ा के पौराणिक धारावाहिक ‘महाभारत’ से की थी। इस धारावाहिक में उन्होंने अश्वत्थामा का किरदार निभाया, जिसने उन्हें देशभर में लोकप्रिय बना दिया। इसके बाद उन्होंने हिंदी फिल्मों और दक्षिण भारतीय सिनेमा में कई दमदार भूमिकाएं निभाईं। खासतौर पर ‘गजनी’ और ‘लगान’ जैसी फिल्मों में उनके अभिनय को काफी सराहा गया।
हालांकि पर्दे पर प्रदीप रावत को अक्सर खतरनाक खलनायक के रूप में देखा गया, लेकिन उनकी निजी जिंदगी बेहद शांत और पारिवारिक थी। वह अपनी पत्नी कल्याणी के साथ सादगी भरा जीवन बिताते थे और अपने परिवार को हमेशा लाइमलाइट से दूर रखते थे। इंडस्ट्री में लंबे समय तक सक्रिय रहने के बावजूद उन्होंने निजी जीवन को सार्वजनिक चर्चा से अलग रखा।
प्रदीप रावत मूल रूप से हरियाणा के अंबाला के रहने वाले थे। दिलचस्प बात यह है कि उनका सपना अभिनेता बनने का नहीं था। वह अपने पिता की तरह भारतीय सेना में शामिल होना चाहते थे। पढ़ाई पूरी करने के बाद उन्हें जबलपुर में एक बैंक में नौकरी मिल गई थी। इसी दौरान उनका रुझान थिएटर की ओर बढ़ा और वह अभिनेता राज बब्बर के थिएटर ग्रुप ‘एकजुट थिएटर’ से जुड़ गए।
थिएटर में काम करते समय उनकी प्रतिभा पर फिल्म जगत के लोगों की नजर पड़ी। राज बब्बर के एक मित्र ने उन्हें बी.आर. चोपड़ा के ‘महाभारत’ के लिए ऑडिशन देने की सलाह दी। उन्होंने अश्वत्थामा की भूमिका के लिए ऑडिशन दिया और चयनित हो गए। यही भूमिका उनके करियर का टर्निंग पॉइंट साबित हुई और इसके बाद उनके लिए फिल्मों और टीवी की दुनिया के दरवाजे खुल गए।
प्रदीप रावत ने हिंदी फिल्मों के अलावा तेलुगु, तमिल और अन्य दक्षिण भारतीय भाषाओं की फिल्मों में भी काम किया। उन्होंने ‘भद्रा’, ‘रिबेल’ और एस.एस. राजामौली की फिल्म ‘स्ये’ जैसी फिल्मों में अपने प्रभावशाली अभिनय से दर्शकों का दिल जीता। दक्षिण भारतीय सिनेमा में भी उन्हें एक मजबूत खलनायक के रूप में पहचान मिली।
उनके निधन से भारतीय सिनेमा और टेलीविजन ने एक ऐसे कलाकार को खो दिया है, जिसने अपने हर किरदार में अलग छाप छोड़ी। ‘महाभारत’ के अश्वत्थामा से लेकर ‘गजनी’ के खलनायक तक, प्रदीप रावत के किरदार दर्शकों की स्मृतियों में लंबे समय तक जीवित रहेंगे।

