भारत और श्रीलंका के बीच खेले जा रहे पहले टेस्ट मैच के चौथे दिन एक ऐसा पल देखने को मिला, जिसने मैदान पर मौजूद सभी लोगों का ध्यान अपनी ओर खींच लिया। भारतीय बल्लेबाज केएल राहुल को अंपायर ने आउट दे दिया था और वह पवेलियन की ओर लौटने लगे थे। तभी उनके साथी बल्लेबाज देवदत्त पडिक्कल ने उन्हें रोककर डीआरएस लेने की सलाह दी। राहुल ने उनकी बात मानकर रिव्यू लिया और रिप्ले में साफ हुआ कि वह आउट नहीं थे।
राहुल को इस तरह जीवनदान मिलने के बाद उन्होंने तुरंत देवदत्त पडिक्कल को गले लगाकर उनका शुक्रिया अदा किया। हालांकि इस जीवनदान का राहुल ज्यादा फायदा नहीं उठा सके और कुछ ही देर बाद 35 रन के निजी स्कोर पर आउट होकर पवेलियन लौट गए।
11वें ओवर में हुआ पूरा घटनाक्रम
यह पूरा मामला भारतीय पारी के 11वें ओवर की आखिरी गेंद पर हुआ। श्रीलंका की ओर से प्रभात जयसूर्या गेंदबाजी कर रहे थे। ओवर की पांचवीं गेंद पर केएल राहुल ने शानदार छक्का लगाया था। इसके बाद अगली गेंद पर जयसूर्या ने ऐसी गेंद डाली, जिसमें ड्रिफ्ट देखने को मिला।
राहुल ने गेंद को खेलने के लिए आगे कदम बढ़ाया, लेकिन गेंद उनके बल्ले को चकमा देकर पैड से जा टकराई। श्रीलंकाई टीम की अपील के बाद अंपायर ने अपनी उंगली उठा दी और राहुल को आउट करार दे दिया। राहुल को भी लगा कि वह आउट हो चुके हैं और वह पवेलियन की ओर जाने लगे।
लेकिन इसी बीच देवदत्त पडिक्कल ने समझदारी दिखाई। उन्होंने राहुल को रोका और डीआरएस लेने के लिए कहा। राहुल ने साथी बल्लेबाज की सलाह मानते हुए रिव्यू लिया।
डीआरएस में बच गए राहुल
रिप्ले में सामने आया कि गेंद राहुल के बल्ले से नहीं लगी थी। इसके अलावा गेंद स्टंप्स को भी नहीं छू रही थी और स्टंप्स के ऊपर से निकल रही थी। ऐसे में मैदानी अंपायर के फैसले को बदलना पड़ा और राहुल को नॉटआउट करार दिया गया।
इस फैसले के बाद राहुल काफी खुश नजर आए। उन्होंने तुरंत देवदत्त पडिक्कल के पास जाकर उन्हें गले लगाया। राहुल के लिए यह एक बड़ा जीवनदान था, वहीं पडिक्कल की सूझबूझ की भी खूब तारीफ हुई।
हालांकि जीवनदान मिलने के बावजूद राहुल अपनी पारी को बड़ी पारी में तब्दील नहीं कर सके। वह 47 गेंदों पर 35 रन बनाकर आउट हो गए। उनकी पारी में दो चौके और दो छक्के शामिल रहे। खास बात यह रही कि राहुल को एक बार फिर प्रभात जयसूर्या ने ही अपना शिकार बनाया।
भारत के लिए अहम है चौथा दिन
पहले टेस्ट का चौथा दिन भारतीय टीम के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। भारत की कोशिश अपनी बढ़त को ज्यादा से ज्यादा मजबूत करने की होगी, जबकि श्रीलंकाई टीम भारतीय बल्लेबाजों को जल्द से जल्द आउट करना चाहेगी।
मैच के दौरान बारिश की संभावना भी बनी हुई है। ऐसे में मौसम की भूमिका भी मुकाबले के नतीजे में अहम हो सकती है। भारतीय टीम अगर पर्याप्त रन बनाकर श्रीलंका के सामने बड़ा लक्ष्य रखती है, तो उसके पास मैच जीतने का अच्छा मौका होगा।
केएल राहुल को देवदत्त पडिक्कल की समझदारी से मिला यह जीवनदान भले ही लंबी पारी में नहीं बदल सका, लेकिन मैदान पर साथी खिलाड़ी की सतर्कता और सही समय पर लिया गया फैसला जरूर चर्चा का विषय बन गया है।

