शेयर बाजार में जोरदार वापसी, सेंसेक्स 639 अंक उछला और निफ्टी 24,261 पर बंद
मिडल-ईस्ट में जारी तनाव और वैश्विक बाजारों की अनिश्चितता के बीच भारतीय शेयर बाजार में मंगलवार को मजबूत रिकवरी देखने को मिली। सोमवार को आई भारी गिरावट के बाद निवेशकों ने आज राहत की सांस ली। कारोबारी सत्र के अंत में BSE Sensex और Nifty 50 दोनों प्रमुख सूचकांकों ने अच्छी बढ़त के साथ कारोबार बंद किया।
मंगलवार को Bombay Stock Exchange का प्रमुख सूचकांक सेंसेक्स 639.82 अंकों यानी 0.82 प्रतिशत की तेजी के साथ 78,205.98 के स्तर पर बंद हुआ। वहीं National Stock Exchange of India का निफ्टी 50 इंडेक्स 233.55 अंकों यानी 0.97 प्रतिशत की बढ़त के साथ 24,261.60 के स्तर पर बंद हुआ।
विशेषज्ञों के मुताबिक वैश्विक बाजारों में स्थिरता और कच्चे तेल की कीमतों में आई गिरावट के कारण भारतीय बाजार में सकारात्मक माहौल बना। खासकर मिडल-ईस्ट में जारी संघर्ष के बीच जब तेल की कीमतों में नरमी देखने को मिली, तो इससे निवेशकों का भरोसा थोड़ा मजबूत हुआ।
सोमवार की गिरावट के बाद आई तेजी
बता दें कि सोमवार को घरेलू शेयर बाजार में बड़ी गिरावट दर्ज की गई थी। पिछले सप्ताह भी बाजार में लगातार उतार-चढ़ाव देखने को मिला था, जिससे निवेशकों में चिंता का माहौल बन गया था। हालांकि मंगलवार के सत्र में आई तेजी ने निवेशकों को राहत दी।
आज के कारोबार में सेंसेक्स की 30 कंपनियों में से 24 कंपनियों के शेयर बढ़त के साथ हरे निशान में बंद हुए, जबकि 6 कंपनियों के शेयर गिरावट के साथ लाल निशान में बंद हुए। इसी तरह निफ्टी 50 की 50 कंपनियों में से 41 कंपनियों के शेयर बढ़त के साथ बंद हुए और 9 कंपनियों में गिरावट देखने को मिली।
महिंद्रा एंड महिंद्रा के शेयर में सबसे ज्यादा तेजी
सेंसेक्स में शामिल कंपनियों में Mahindra & Mahindra का शेयर सबसे ज्यादा उछाल के साथ बंद हुआ। कंपनी के शेयर में लगभग 3.67 प्रतिशत की तेजी दर्ज की गई। ऑटो सेक्टर में आई मजबूती के कारण इस शेयर में खरीदारी देखने को मिली।
दूसरी ओर आईटी सेक्टर की दिग्गज कंपनी Infosys के शेयर में गिरावट देखने को मिली। इंफोसिस का शेयर मंगलवार को लगभग 1.40 प्रतिशत की गिरावट के साथ बंद हुआ और यह सेंसेक्स की सबसे ज्यादा गिरने वाली कंपनियों में शामिल रहा।
निवेशकों के लिए राहत भरा दिन
बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि हाल के दिनों में वैश्विक भू-राजनीतिक तनाव और कच्चे तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव का असर भारतीय बाजार पर भी पड़ा है। हालांकि अगर वैश्विक परिस्थितियां स्थिर रहती हैं और आर्थिक संकेतक सकारात्मक बने रहते हैं, तो आने वाले दिनों में बाजार में और मजबूती देखने को मिल सकती है।
निवेशकों के लिए यह दिन राहत भरा रहा क्योंकि हालिया गिरावट के बाद बाजार में मजबूत वापसी ने भरोसा बढ़ाया है। विश्लेषकों का कहना है कि फिलहाल निवेशकों को बाजार में उतार-चढ़ाव के बीच सावधानी के साथ निवेश करना चाहिए और दीर्घकालिक रणनीति पर ध्यान देना चाहिए

