इंटरनेशनल क्रिकेट में भारत के लिए गर्व की खबर सामने आई है। International Cricket Council (ICC) ने फरवरी 2026 के “प्लेयर ऑफ द मंथ” अवॉर्ड का ऐलान कर दिया है, जिसमें महिला वर्ग में भारत की स्टार गेंदबाज Arundhati Reddy ने बाजी मारी है। यह उनके करियर का पहला आईसीसी प्लेयर ऑफ द मंथ अवॉर्ड है।
अरुंधत्ति रेड्डी को यह सम्मान हाल ही में ऑस्ट्रेलिया दौरे पर उनके शानदार प्रदर्शन के लिए मिला है। India women’s national cricket team की ओर से खेलते हुए उन्होंने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ टी20 सीरीज में बेहतरीन गेंदबाजी की थी। तीन मैचों की इस सीरीज में रेड्डी ने कुल 8 विकेट हासिल किए, जिसमें उनका औसत 10.87 और इकॉनमी रेट 7.25 रहा।
इस सीरीज का सबसे यादगार प्रदर्शन सिडनी में देखने को मिला, जहां उन्होंने 22 रन देकर 4 विकेट झटके। उनकी इस घातक गेंदबाजी ने टीम इंडिया को सीरीज में बढ़त दिलाने में अहम भूमिका निभाई। ऑस्ट्रेलिया जैसी मजबूत टीम को उसके घर में हराना आसान नहीं होता, ऐसे में रेड्डी का प्रदर्शन और भी खास बन जाता है।
इस अवॉर्ड के लिए अरुंधत्ति रेड्डी के साथ Harshitha Samarawickrama (श्रीलंका) और Fatima Sana (पाकिस्तान) भी नामांकित थीं, लेकिन भारतीय गेंदबाज ने दोनों को पीछे छोड़ते हुए यह प्रतिष्ठित खिताब अपने नाम किया।
अवॉर्ड मिलने के बाद रेड्डी ने खुशी जाहिर करते हुए कहा कि यह उनके लिए बहुत बड़ा सम्मान है। उन्होंने कहा कि ऑस्ट्रेलिया में टी20 सीरीज जीत में योगदान देना उनके लिए गर्व की बात है। रेड्डी ने यह भी कहा कि इस जीत से टीम का आत्मविश्वास बढ़ा है और अब उनका लक्ष्य आगामी महिला टी20 वर्ल्ड कप में भी इसी प्रदर्शन को दोहराना है।
वहीं, पुरुष वर्ग में यह सम्मान पाकिस्तान के बल्लेबाज Sahibzada Farhan को मिला है। फरहान ने टी20 वर्ल्ड कप 2026 में शानदार बल्लेबाजी करते हुए सबसे ज्यादा रन बनाए थे। उन्होंने इस दौड़ में इंग्लैंड के विल जैक्स और अमेरिका के शैडली वैन शाल्विक को पीछे छोड़ा। हालांकि, उनके शानदार प्रदर्शन के बावजूद पाकिस्तान की टीम टूर्नामेंट के सेमीफाइनल तक नहीं पहुंच सकी।
आईसीसी प्लेयर ऑफ द मंथ अवॉर्ड क्रिकेट में खिलाड़ियों के हालिया प्रदर्शन के आधार पर दिया जाता है और इसे हासिल करना किसी भी खिलाड़ी के लिए बड़ी उपलब्धि माना जाता है। अरुंधत्ति रेड्डी की इस जीत ने भारतीय महिला क्रिकेट की बढ़ती ताकत को एक बार फिर साबित किया है।
कुल मिलाकर, फरवरी 2026 का यह अवॉर्ड भारत के लिए गर्व का पल है और यह संकेत भी कि भारतीय महिला क्रिकेट टीम आने वाले समय में विश्व स्तर पर और बड़ी उपलब्धियां हासिल करने की क्षमता रखती है।

