‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ अभियान के तहत कई शहरों में प्रदर्शन
नई दिल्ली: विपक्ष की रैली के बाद अब भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) ने देश के विभिन्न शहरों में मार्च और पदयात्राओं के जरिए राजनीतिक मोर्चा खोल दिया है। पार्टी की ओर से ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ अभियान के तहत दिल्ली, हैदराबाद, कोलकाता, भागलपुर और मुंबई में कार्यक्रम आयोजित किए जाने हैं। इन मार्चों के जरिए बीजेपी विपक्ष के आरोपों का जवाब देने और अपने राजनीतिक पक्ष को जनता तक पहुंचाने की कोशिश करेगी।
हाल ही में दिल्ली के रामलीला मैदान में आयोजित विपक्षी रैली के दौरान वोट चोरी और चुनावी प्रक्रिया को लेकर सवाल उठाए गए थे। इसके बाद बीजेपी ने भी विरोध प्रदर्शन और पदयात्राओं की रणनीति तेज कर दी है। दोनों पक्षों के बीच राजनीतिक बयानबाजी के साथ-साथ सड़कों पर शक्ति प्रदर्शन का सिलसिला भी देखने को मिल रहा है।
हैदराबाद में अमित शाह की पदयात्रा
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह हैदराबाद में बीजेपी के मार्च में शामिल होंगे। यह पदयात्रा निजाम कॉलेज परिसर में बाबू जगजीवन राम की प्रतिमा से शुरू होकर मोजमजाही चौराहे तक निकाली जाएगी। पार्टी इस कार्यक्रम के जरिए अपने अभियान को मजबूती देने और कार्यकर्ताओं के बीच सक्रियता बढ़ाने की तैयारी में है।
हैदराबाद में होने वाली इस पदयात्रा को बीजेपी की व्यापक राजनीतिक रणनीति का हिस्सा माना जा रहा है। पार्टी विभिन्न क्षेत्रों में मार्च आयोजित करके विपक्ष के आरोपों का जवाब देने का प्रयास कर रही है।
कोलकाता और भागलपुर में भी प्रदर्शन
बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन बिहार के भागलपुर में मार्च करेंगे। इसके बाद वह कोलकाता में कॉलेज स्ट्रीट से धर्मतला तक लगभग दो किलोमीटर लंबी पदयात्रा में शामिल होंगे। इस मार्च में पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी और प्रदेश अध्यक्ष सामिक भट्टाचार्य के भी शामिल होने की जानकारी दी गई है।
पश्चिम बंगाल में इस कार्यक्रम को लेकर पार्टी कार्यकर्ताओं की भागीदारी महत्वपूर्ण मानी जा रही है। बीजेपी का उद्देश्य अपने संगठनात्मक आधार को सक्रिय करना और राजनीतिक मुद्दों पर जनता के बीच अपनी बात रखना है।
मुंबई में शिवाजी पार्क से कामगार मैदान तक मार्च
मुंबई में भी बीजेपी के सैकड़ों कार्यकर्ताओं और वरिष्ठ नेताओं के पैदल मार्च में शामिल होने की योजना है। यह मार्च दादर स्थित शिवाजी पार्क से शुरू होकर कामगार मैदान तक जाएगा। पार्टी के विभिन्न स्थानीय नेता और कार्यकर्ता इसमें भाग लेंगे।
1984 के सिख-विरोधी नरसंहार के पीड़ितों के लिए न्याय मार्च
दिल्ली में बीजेपी की ओर से 1984 के सिख-विरोधी नरसंहार के पीड़ित परिवारों के साथ न्याय मार्च निकालने की भी योजना है। यह मार्च दोपहर 12 बजे गुरुद्वारा बंगला साहिब से शुरू होकर गुरुद्वारा रकाबगंज साहिब तक जाएगा।
इस कार्यक्रम के जरिए पीड़ित परिवारों के लिए न्याय की मांग उठाई जाएगी। यह मार्च ऐसे समय में आयोजित किया जा रहा है, जब राजधानी में राजनीतिक रैलियों और आरोप-प्रत्यारोप को लेकर माहौल गर्म है।
कुल मिलाकर, विभिन्न शहरों में प्रस्तावित मार्चों से राजनीतिक गतिविधियां तेज होने की संभावना है। एक ओर विपक्ष चुनावी प्रक्रिया और लोकतंत्र से जुड़े सवाल उठा रहा है, वहीं बीजेपी अपने अभियानों के जरिए इन आरोपों का जवाब देने की कोशिश कर रही है। आने वाले दिनों में इन प्रदर्शनों और नेताओं के बयानों पर राजनीतिक बहस और तेज हो सकती है।

