नई दिल्ली के भारत मंडपम में आयोजित राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) की महत्वपूर्ण बैठक के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का एक अलग और सहज अंदाज देखने को मिला। बैठक की अध्यक्षता कर रहे पीएम मोदी ने सहयोगी दलों के नेताओं को अपने हाथों से झालमुरी परोसी, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। इस अनोखे पल ने राजनीतिक चर्चाओं के बीच लोगों का ध्यान अपनी ओर खींच लिया है।
भारत मंडपम में जुटे NDA के दिग्गज नेता
एनडीए की इस बैठक में गठबंधन के विभिन्न दलों के वरिष्ठ नेता और मुख्यमंत्री शामिल हुए। बैठक का मुख्य उद्देश्य सरकार के विकास कार्यों, आगामी राजनीतिक रणनीतियों और गठबंधन की एकजुटता को मजबूत करना था। हालांकि, बैठक के दौरान प्रधानमंत्री मोदी का नेताओं के साथ अनौपचारिक और आत्मीय व्यवहार चर्चा का विषय बन गया।
वायरल वीडियो में प्रधानमंत्री मोदी खुद झालमुरी परोसते और नेताओं से बातचीत करते दिखाई दे रहे हैं। इतना ही नहीं, उन्होंने खुद भी झालमुरी का स्वाद लिया। इस दौरान मौजूद नेताओं ने भी पीएम मोदी के इस अंदाज की सराहना की।
पीएम मोदी ने तोड़ा नेहरू का रिकॉर्ड
यह बैठक एक और वजह से खास रही। हाल ही में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश के प्रथम प्रधानमंत्री पंडित जवाहरलाल नेहरू का एक महत्वपूर्ण रिकॉर्ड पीछे छोड़ दिया है। पीएम मोदी लगातार सबसे लंबे समय तक सेवा देने वाले निर्वाचित प्रधानमंत्री बन गए हैं।
प्रधानमंत्री मोदी ने लगातार 4,399 दिनों तक प्रधानमंत्री पद पर रहते हुए यह उपलब्धि हासिल की है। इससे पहले यह रिकॉर्ड पंडित नेहरू के नाम था, जिन्होंने लगातार 4,398 दिनों तक निर्वाचित प्रधानमंत्री के रूप में कार्य किया था।
इस ऐतिहासिक उपलब्धि पर एनडीए के नेताओं ने प्रधानमंत्री मोदी का सम्मान भी किया। बैठक के दौरान विभिन्न सहयोगी दलों के नेताओं ने उन्हें स्मृति चिन्ह और उपहार भेंट कर बधाई दी।
क्यों चर्चा में है झालमुरी?
बैठक में परोसी गई झालमुरी को लेकर भी राजनीतिक गलियारों में चर्चा तेज हो गई है। झालमुरी पश्चिम बंगाल का एक लोकप्रिय स्ट्रीट फूड है, जिसे मुरमुरे, मसालों, प्याज, हरी मिर्च और अन्य सामग्री के साथ तैयार किया जाता है।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि पीएम मोदी का झालमुरी से जुड़ाव पहले भी चर्चा में रहा है। पश्चिम बंगाल के दौरे के दौरान भी प्रधानमंत्री मोदी को झालमुरी खाते देखा गया था। ऐसे में भारत मंडपम की बैठक में झालमुरी परोसने को कई लोग सांस्कृतिक जुड़ाव और जनसंपर्क के प्रतीक के रूप में देख रहे हैं।
सोशल मीडिया पर वायरल हुआ वीडियो
पीएम मोदी द्वारा नेताओं को झालमुरी परोसने का वीडियो सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर इसे खूब शेयर किया जा रहा है। समर्थक इसे प्रधानमंत्री की सादगी और आत्मीयता का उदाहरण बता रहे हैं, जबकि राजनीतिक हलकों में भी इस पर चर्चा जारी है।
एनडीए की बैठक जहां राजनीतिक दृष्टि से महत्वपूर्ण रही, वहीं प्रधानमंत्री मोदी का यह मानवीय और सहज अंदाज भी लोगों के बीच चर्चा का केंद्र बन गया। बैठक के दौरान गठबंधन की मजबूती का संदेश देने के साथ-साथ यह दृश्य नेताओं के बीच आपसी सौहार्द और संवाद का प्रतीक भी बनकर उभरा।
फिलहाल बैठक से जुड़े अन्य राजनीतिक फैसलों और रणनीतियों पर भी नजर बनी हुई है, लेकिन झालमुरी वाला यह पल सोशल मीडिया पर सबसे ज्यादा चर्चा बटोर रहा है।

