बच्चों और बड़ों की आंखों की सेहत के लिए रामदेव के टिप्स: नजर तेज करने के आयुर्वेदिक उपाय
नई दिल्ली: आज के डिजिटल युग में बच्चों और बड़ों की आंखों पर स्क्रीन टाइम का सीधा असर पड़ रहा है। एम्स की रिपोर्ट के अनुसार, हर पांच में से एक बच्चे की नजर कमजोर है और उन्हें चश्मे की जरूरत पड़ रही है। मोबाइल, टीवी और अन्य स्क्रीन डिवाइस बच्चों की आंखों पर लगातार दबाव डाल रहे हैं। वहीं, बड़े भी उम्र बढ़ने के साथ प्रेस-बायोपिया, ड्राई आई, धुंधलापन और सिरदर्द जैसी समस्याओं से जूझ रहे हैं। सबसे खतरनाक समस्या ग्लूकोमा (काला मोतिया) है, जिसे ‘साइलेंट थीफ ऑफ साइट’ भी कहा जाता है।
बच्चों के लिए स्क्रीन टाइम का समाधान: शतरंज
सेहत को दिमागी खेल और फिजिकल एक्टिविटी के जरिए मजबूत करना जरूरी है। राजस्थान की 15 साल की वाणी जैन ने बच्चों को शतरंज सिखाने की पहल की है। इस पहल में 5 से 15 साल के 80 से अधिक बच्चे शामिल हैं, जिन्होंने मोबाइल गेम और रील्स में समय बर्बाद करने की बजाय शतरंज से फोकस, पेशेंस, स्ट्रैटेजी और निर्णय लेने की क्षमता विकसित की है। शतरंज सिर्फ खेल नहीं, बल्कि बच्चों के दिमाग को दिशा देने वाला माध्यम भी बन रहा है।
योग और आंखों की एक्सरसाइज
स्वामी रामदेव ने आंखों की रोशनी तेज करने के लिए कुछ आसान उपाय सुझाए हैं। उनके अनुसार, दिन की शुरुआत योग और सरल आंखों की एक्सरसाइज से करें। इसमें शामिल हैं:
- पामिंग और ब्लिंकिंग – आंखों की मांसपेशियों को रिलैक्स करता है।
- थोड़ी देर खुली हवा में खेलना – दिमाग को भी तरोताजा रखता है।
- प्राणायाम – सुबह और शाम 30 मिनट, अनुलोम-विलोम और 7 बार भ्रामरी करने से नजर तेज होती है।
आयुर्वेदिक उपाय और जूस
आंखों की सेहत के लिए आयुर्वेदिक उपाय भी काफी फायदेमंद हैं:
- महात्रिफला घृत – 1 चम्मच दूध के साथ दिन में दो बार लेने से आंखों की रोशनी बढ़ती है।
- एलोवेरा-आंवला का जूस – नियमित सेवन से आंखों की सेहत मजबूत होती है।
- त्रिफला-गुलाब जल से आंख धोना – मुंह में सामान्य पानी भरकर आंखों को धोना भी नजर तेज करता है।
- बादाम, सौंफ और मिश्री का पाउडर – रात को गर्म दूध के साथ लेने से नजर में सुधार आता है।
स्क्रीन टाइम में संतुलन
विशेषज्ञों का कहना है कि मोबाइल की चमक अगर हद से ज्यादा हो जाए तो आंखों की रोशनी फीकी पड़ने लगती है। इसलिए बच्चों को आउटडोर गेम्स, इनडोर ब्रेन गेम्स और स्क्रीन से ब्रेक की आदत डालनी चाहिए। यह सिर्फ आंखों की सेहत के लिए नहीं, बल्कि दिमागी विकास के लिए भी जरूरी है।
निष्कर्ष
आज के समय में डिजिटल युग और बढ़ता स्क्रीन टाइम आंखों की सुरक्षा के लिए खतरा बन गया है। लेकिन योग, प्राणायाम, आयुर्वेदिक उपाय और खेलों के जरिए नजर तेज और आंखें स्वस्थ रखी जा सकती हैं। एम्स की रिपोर्ट और स्वामी रामदेव के उपाय बच्चों और बड़ों दोनों के लिए आंखों की सेहत को बेहतर बनाने का मार्गदर्शन कर रहे हैं।

