दिल्ली-मैनचेस्टर फ्लाइट 7 घंटे बाद मजबूरन लौटी, मध्य पूर्व में तनाव का असर
दिल्ली से मैनचेस्टर जा रही इंडिगो फ्लाइट 6E33 को टेकऑफ के लगभग सात घंटे बाद वापस लौटना पड़ा। फ्लाइट दिल्ली से रवाना होने के बाद अरब सागर के ऊपर से ओमान और यूएई की दिशा में उड़ान भर रही थी, लेकिन मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव और ईरान-इज़राइल के बीच चल रहे संघर्ष के कारण एयरलाइन को रूट बदलकर वापस लौटना पड़ा।
फ्लाइट का रूट और रिटर्न
फ्लाइटराडार24 की रिपोर्ट के अनुसार, इंडिगो की यह फ्लाइट सामान्य परिस्थितियों में लगभग 11 घंटे में मैनचेस्टर पहुंचती। हालाँकि, फ्लाइट ने पश्चिम एशिया में सक्रिय संघर्ष क्षेत्रों से बचने के लिए एक असामान्य दक्षिणी मार्ग अपनाया। यह मार्ग अदन की खाड़ी और अफ्रीका के कुछ हिस्सों से होकर गया। इसके बावजूद, अंतिम समय में हवाई क्षेत्र पर लगाए गए प्रतिबंधों के कारण विमान को वापस दिल्ली लौटना पड़ा।
इंडिगो प्रवक्ता ने बताया, “मध्य पूर्व और उसके आसपास की बदलती स्थिति के कारण, हमारी कुछ फ्लाइट को लंबा मार्ग तय करना पड़ सकता है या उनका मार्ग परिवर्तन करना पड़ सकता है। दिल्ली-मैनचेस्टर फ्लाइट 6E33 को इसी कारण वापस लौटना पड़ा। हमारी प्राथमिकता हमेशा यात्रियों, चालक दल और विमान की सुरक्षा रही है।”
युद्ध का असर और सुरक्षा
पश्चिम एशिया में तनाव 28 फरवरी को अमेरिका और इज़राइल द्वारा ईरान पर किए गए संयुक्त हमले के बाद बढ़ा। इस हमले में ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई को निशाना बनाया गया। इसके बाद ईरान खाड़ी देशों में अमेरिकी और इज़राइली ठिकानों पर हमले कर रहा है। ऐसे में कई देशों ने अपना एयरस्पेस बंद कर दिया है, जिससे दिल्ली-मैनचेस्टर जैसी अंतरराष्ट्रीय उड़ानों में रूट बदलने और रद्द होने की घटनाएं बढ़ गई हैं।
एयरलाइन की प्रतिक्रिया और अगली तैयारी
इंडिगो एयरलाइन ने कहा कि वह संबंधित अधिकारियों के साथ मिलकर यह सुनिश्चित करने की कोशिश कर रही है कि फ्लाइट सेवा फिर से सुरक्षित रूप से शुरू की जा सके। प्रवक्ता ने बताया, “हम यात्रियों की सुविधा के लिए विकल्प तलाश रहे हैं और सुरक्षा को हमेशा सर्वोच्च प्राथमिकता देते हैं।”
दिल्ली-मैनचेस्टर मार्ग की जानकारी
दिल्ली-मैनचेस्टर की ग्रेट-सर्कल दूरी लगभग 6,829 किलोमीटर है। सामान्य परिस्थितियों में यह मार्ग 11 घंटे में तय होता है, लेकिन वर्तमान संघर्ष और हवाई प्रतिबंधों के कारण यात्रा समय और रूट प्रभावित हुआ। यात्रियों और एयरलाइन दोनों के लिए यह एक चुनौतीपूर्ण स्थिति बनी हुई है।
निष्कर्ष
मध्य पूर्व में चल रहे युद्ध और बदलती हवाई सुरक्षा नियमों का असर सीधे अंतरराष्ट्रीय उड़ानों पर पड़ रहा है। दिल्ली-मैनचेस्टर फ्लाइट 6E33 की वापसी इस बात का उदाहरण है कि एयरलाइनें यात्रियों की सुरक्षा और हवाई क्षेत्र की बदलती स्थिति को ध्यान में रखते हुए त्वरित निर्णय ले रही हैं।

