🎂 पूजा भट्ट का जन्मदिन: सफलता, विवाद और संयम की प्रेरक कहानी
बॉलीवुड की चर्चित अभिनेत्री, निर्देशक और निर्माता Pooja Bhatt आज अपना जन्मदिन मना रही हैं। बड़े फिल्ममेकर Mahesh Bhatt की बेटी होने के बावजूद पूजा ने इंडस्ट्री में अपनी अलग पहचान बनाई। उनका करियर जितना सफल रहा, निजी जीवन उतना ही उतार-चढ़ाव और विवादों से भरा रहा।
🎬 फिल्मी करियर की शुरुआत
पूजा भट्ट ने अपने करियर की शुरुआत फिल्म Daddy से की थी, जिसे उनके पिता महेश भट्ट ने निर्देशित किया था। इसके बाद उन्होंने कई यादगार फिल्मों में काम किया। फिल्म Dil Hai Ke Manta Nahin ने उन्हें रातोंरात स्टार बना दिया। वहीं Sadak और Zakhm जैसी फिल्मों में उनके अभिनय को काफी सराहा गया।
पूजा ने अपने करियर में 30 से अधिक फिल्मों में काम किया। अभिनय के अलावा उन्होंने निर्देशन और प्रोडक्शन में भी हाथ आजमाया। उन्होंने Jism 2, Dhokha और Paap जैसी फिल्मों का निर्देशन किया और एक अलग पहचान बनाई।
🍷 शराब की लत और रिकवरी
पूजा भट्ट की पर्सनल लाइफ हमेशा चर्चा में रही है। एक समय ऐसा भी आया जब वह शराब की लत से जूझने लगीं। उन्होंने खुद स्वीकार किया कि सफलता के दौर में वह नशे की गिरफ्त में आ गई थीं। हालांकि, उन्होंने हिम्मत नहीं हारी और संयम को अपनाकर खुद को नई दिशा दी।
शराब छोड़ने के पांच साल पूरे होने पर पूजा ने सोशल मीडिया पर एक भावुक पोस्ट साझा किया था। उन्होंने लिखा कि उन्हें अपने जीवन का असली प्यार ‘संयम’ में मिला। उन्होंने माना कि आत्मस्वीकृति और अनुशासन ने उन्हें अंदर से मजबूत बनाया। उनकी यह स्वीकारोक्ति कई लोगों के लिए प्रेरणा बनी।
📸 विवादों में रही जिंदगी
पूजा भट्ट का नाम विवादों से भी जुड़ा रहा। 1990 के दशक में अपने पिता महेश भट्ट के साथ एक फोटोशूट को लेकर वह काफी सुर्खियों में आई थीं। उस समय इस तस्वीर ने मीडिया में बड़ी बहस छेड़ दी थी।
हालांकि, इन सबके बावजूद पूजा ने अपने काम पर ध्यान केंद्रित रखा। उन्होंने अभिनय से दूरी बनाकर फिल्म निर्माण की ओर रुख किया और बतौर निर्देशक अपनी पहचान मजबूत की।
📺 रियलिटी शो में वापसी
साल 2023 में पूजा भट्ट रियलिटी शो Bigg Boss OTT में नजर आईं। शो में उन्होंने अपनी बेबाक राय और मजबूत व्यक्तित्व से दर्शकों का ध्यान खींचा।
आज पूजा भट्ट सिर्फ एक स्टार किड नहीं, बल्कि संघर्ष, आत्मविश्वास और पुनर्निर्माण की मिसाल हैं। उनका जीवन यह सिखाता है कि चाहे हालात कितने भी मुश्किल क्यों न हों, अगर इरादा मजबूत हो तो नई शुरुआत हमेशा संभव है।

