विद्या बालन और इरफान खान की एक पुरानी फिल्म, जो करीब 26 साल पहले बनाई गई थी लेकिन उस समय रिलीज नहीं हो पाई थी, अब सालों बाद डिजिटल प्लेटफॉर्म पर सामने आई है। इस फिल्म का नाम ‘द लास्ट टेनेंट’ है, और यूट्यूब पर रिलीज होते ही यह दर्शकों के बीच चर्चा का विषय बन गई है। फिल्म को इरफान खान की याद में एक भावनात्मक श्रद्धांजलि के रूप में रिलीज किया गया है, जिसने फैंस को गहराई से प्रभावित किया है।
यह फिल्म उस दौर की है जब विद्या बालन अपने शुरुआती करियर में थीं, जबकि इरफान खान भी इंडस्ट्री में अपनी जगह बनाने की कोशिश कर रहे थे। दिलचस्प बात यह है कि यह दोनों कलाकारों की एकमात्र ऑन-स्क्रीन फिल्म है, जिसे आज लोग उनकी शानदार केमिस्ट्री के लिए याद कर रहे हैं। फिल्म में विद्या बालन ने ‘मानवी’ का किरदार निभाया है, जबकि इरफान खान ‘सागर’ के रोल में नजर आते हैं, जो एक संघर्षरत संगीतकार की भूमिका में हैं।
फिल्म की कहानी एक ऐसे टूटे हुए संगीतकार के इर्द-गिर्द घूमती है, जो विदेश जाने से पहले एक महीने के लिए एक पुराने घर में किराए पर रहता है। इस दौरान उसकी जिंदगी में अकेलापन, यादें और एक रहस्यमयी आत्मा का अनुभव जुड़ जाता है, जो कहानी को एक भावनात्मक और साइकोलॉजिकल मोड़ देता है। यह फिल्म सरल लेकिन गहराई से भरी हुई कहानी पेश करती है, जिसमें इंसानी भावनाओं, टूटन और आत्म-खोज को दिखाया गया है।
इस फिल्म के निर्देशक सार्थक दासगुप्ता हैं, जिन्होंने बताया कि शूटिंग के बाद फिल्म की मूल फुटेज लंबे समय तक खो गई थी। बाद में उन्हें एक पुरानी वीएचएस कॉपी मिली, जिसे रिस्टोर करके अब यूट्यूब पर रिलीज किया गया है। निर्देशक के मुताबिक, यह फिल्म उनके शुरुआती फिल्ममेकिंग सफर की सबसे अहम कड़ी है, जिसे उन्होंने बिना किसी बड़े संसाधन के सिर्फ जुनून के आधार पर बनाया था।
फिल्म की रिलीज के बाद दर्शकों ने इसे खूब सराहा है। कुछ ही दिनों में इसे लाखों व्यूज मिल चुके हैं और लोग इरफान खान के अभिनय की फिर से तारीफ कर रहे हैं। सोशल मीडिया पर फैंस इसे एक “इमोशनल टाइम कैप्सूल” बता रहे हैं, जो इरफान की प्रतिभा और उनके शुरुआती काम को फिर से जीवित कर देता है।
विद्या बालन ने भी इस रिलीज पर अपनी भावनाएं साझा की हैं और कहा कि इरफान खान के साथ काम करना उनके लिए हमेशा खास अनुभव रहा है। आज जब यह फिल्म सामने आई है, तो यह सिर्फ एक पुरानी फिल्म नहीं बल्कि सिनेमा के इतिहास का एक अनमोल हिस्सा बन गई है, जो दर्शकों को एक अलग ही भावनात्मक दुनिया में ले जाती है।

