द हंड्रेड नीलामी में अबरार अहमद की एंट्री से विवाद, बीसीसीआई ने दी प्रतिक्रिया
इंग्लैंड की क्रिकेट लीग The Hundred की नीलामी में पाकिस्तानी स्पिनर Abrar Ahmed को खरीदे जाने के बाद विवाद खड़ा हो गया है। यह खरीदारी Sunrisers Leeds ने की है, जो भारतीय प्रीमियर लीग की फ्रेंचाइज़ी Sunrisers Hyderabad से जुड़ी है। इस फैसले के बाद सोशल मीडिया पर तीखी प्रतिक्रियाएं देखने को मिल रही हैं।
नीलामी के बाद बढ़ा विवाद
गुरुवार को द हंड्रेड की नीलामी आयोजित की गई थी, जिसमें अबरार अहमद को टीम ने अपने साथ जोड़ा। बताया जा रहा है कि उनकी बोली पाउंड में लगी, लेकिन भारतीय मुद्रा में यह रकम दो करोड़ रुपये से अधिक बताई जा रही है। खरीद की खबर सामने आते ही कई लोगों ने इस पर सवाल उठाने शुरू कर दिए।
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर अलग-अलग तरह की टिप्पणियां की जा रही हैं। कुछ यूजर्स ने इस फैसले का विरोध किया है, जबकि कुछ का कहना है कि यह एक अंतरराष्ट्रीय लीग का मामला है और इसमें पेशेवर दृष्टिकोण अपनाया जाना चाहिए।
बीसीसीआई का पहला बयान
इस पूरे विवाद पर भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) के सचिव Rajeev Shukla ने प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने स्पष्ट किया कि द हंड्रेड में हुई नीलामी का आईपीएल से कोई संबंध नहीं है।
राजीव शुक्ला ने कहा कि यह मामला आईपीएल के अधिकार क्षेत्र में नहीं आता। बाहर की लीग में कौन खिलाड़ी खेल रहा है या कौन सी टीम क्या निर्णय ले रही है, इसमें बीसीसीआई हस्तक्षेप नहीं कर सकता। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि आईपीएल में ऐसा कोई खिलाड़ी शामिल नहीं है।
आईपीएल और सनराइजर्स की स्थिति
आईपीएल का अगला सीजन 28 मार्च से शुरू होने जा रहा है। पहले मैच में Sunrisers Hyderabad का मुकाबला Royal Challengers Bengaluru से होगा। यह मैच बेंगलुरु में खेला जाएगा। ऐसे में चर्चा इस समय आईपीएल की होनी चाहिए, लेकिन अब यह मामला अंतरराष्ट्रीय लीग के कारण सुर्खियों में आ गया है।
सनराइजर्स हैदराबाद ने अब तक आईपीएल खिताब एक बार जीता है। पिछले कुछ सीजनों में टीम का प्रदर्शन मिश्रित रहा है, लेकिन इस विवाद ने टीम को एक बार फिर चर्चा में ला दिया है।
आगे क्या?
अबरार अहमद की खरीद को अभी 24 घंटे भी नहीं हुए हैं और इस पर विरोध लगातार बढ़ रहा है। आने वाले दिनों में यह मुद्दा और तूल पकड़ सकता है। हालांकि बीसीसीआई ने साफ कर दिया है कि यह मामला आईपीएल से जुड़ा नहीं है।
अब देखना होगा कि इस विवाद पर आगे क्या प्रतिक्रिया सामने आती है और द हंड्रेड लीग या संबंधित फ्रेंचाइज़ी की ओर से क्या आधिकारिक बयान जारी किया जाता है।

