कमल भाभी मर्डर केस: मुख्य आरोपी अमृतपाल सिंह गिरफ्तार, मिडिल ईस्ट से डिपोर्ट कर दिल्ली एयरपोर्ट पर पकड़ा गया
पंजाब के चर्चित सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर मर्डर केस में बड़ी कार्रवाई करते हुए पुलिस ने मुख्य आरोपी अमृतपाल सिंह मेहरों को गिरफ्तार कर लिया है। वह हत्या के बाद देश से फरार हो गया था और मिडिल ईस्ट में छिपा हुआ था। पुलिस ने उसकी लोकेशन ट्रेस कर इंटरनेशनल स्तर पर कार्रवाई करते हुए उसे भारत डिपोर्ट कराया, जिसके बाद दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा पर उसे गिरफ्तार किया गया।
हाई-प्रोफाइल केस में बड़ी सफलता
पंजाब पुलिस के अनुसार, इस ऑपरेशन को काउंटर इंटेलिजेंस विंग के तहत ओवरसीज फ्यूजिटिव ट्रैकिंग एंड एक्सट्रैडिशन सेल और केंद्रीय एजेंसियों के सहयोग से अंजाम दिया गया। पुलिस ने बताया कि लंबे समय से फरार चल रहे आरोपी को पकड़ना एक बड़ी सफलता है।
यह मामला जून 2025 में सामने आया था, जब सोशल मीडिया पर ‘कमल भाभी’ के नाम से मशहूर इन्फ्लुएंसर कंचन कुमारी की हत्या कर दी गई थी। इस घटना ने पूरे राज्य में सनसनी फैला दी थी।
अपहरण के बाद की गई थी हत्या
पुलिस जांच के मुताबिक, 9 जून 2025 को अमृतपाल सिंह मेहरों ने अपने साथियों के साथ मिलकर कंचन कुमारी का अपहरण किया और बाद में उसकी हत्या कर दी। हत्या के बाद शव को बठिंडा के एक अस्पताल के बाहर खड़ी कार में छोड़ दिया गया था।
इस मामले में आरोपी के दो अन्य साथियों को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका है। घटना के बाद अमृतपाल सिंह देश छोड़कर भाग गया था, जिससे जांच में देरी हुई।
विदेश भागकर छिपा था आरोपी
हत्या के कुछ ही घंटों के भीतर आरोपी संयुक्त अरब अमीरात (UAE) भाग गया था। पुलिस ने अंतरराष्ट्रीय एजेंसियों के साथ मिलकर उसकी लोकेशन का पता लगाया और प्रत्यर्पण (एक्सट्रैडिशन) की प्रक्रिया शुरू की।
लंबी कानूनी प्रक्रिया के बाद आरोपी को हिरासत में लेकर भारत लाया गया। 10 अप्रैल 2026 की सुबह उसे दिल्ली एयरपोर्ट पर गिरफ्तार कर लिया गया।
हत्या के पीछे विवादित कारण
जांच में सामने आया है कि कंचन कुमारी को उनके वीडियो कंटेंट के कारण निशाना बनाया गया था। आरोप है कि उन्हें “अश्लीलता को बढ़ावा देने” के आरोप में धमकियां दी जा रही थीं।
बताया जाता है कि आरोपी अमृतपाल सिंह ने इससे पहले भी राज्य की अन्य महिला सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स को धमकाया था। हत्या के बाद एक वीडियो भी सामने आया था, जिसमें वह अपने साथियों के जरिए इस वारदात को अंजाम देने की बात करता नजर आया।
विवादित बयान भी आए सामने
इस मामले में उस समय विवाद और बढ़ गया था, जब कुछ धार्मिक व्यक्तियों की ओर से इस हत्या को लेकर विवादित बयान दिए गए थे। इन बयानों की व्यापक आलोचना हुई थी और सोशल मीडिया पर भी तीखी प्रतिक्रिया देखने को मिली थी।
निष्कर्ष
अमृतपाल सिंह मेहरों की गिरफ्तारी से इस हाई-प्रोफाइल मर्डर केस में अहम प्रगति हुई है। अब पुलिस आगे की पूछताछ और कानूनी प्रक्रिया के जरिए पूरे मामले की गहराई से जांच करेगी। इस केस ने एक बार फिर सोशल मीडिया, अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता और कानून व्यवस्था को लेकर कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

