नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज राज्यसभा में राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव का जवाब दिया। उनके भाषण के दौरान विपक्षी सांसद लगातार नारेबाजी करते रहे, लेकिन पीएम ने धैर्य और चुटकी के साथ इसका जवाब दिया।
जैसे ही पीएम मोदी ने बोलना शुरू किया, विपक्ष ने हंगामा करना शुरू कर दिया। इस पर पीएम ने तंज कसते हुए कहा, “जो लोग थक गए, जो लोग चले गए, लेकिन कभी न कभी उनको जवाब देना पड़ेगा कि देश की कैसी हालत थी कि दुनिया का कोई देश आपसे डील नहीं करना चाहता था।” उन्होंने कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे की उम्र का भी उल्लेख करते हुए कहा कि उन्हें बैठकर नारे लगाने की अनुमति दी जाए, ताकि किसी को कोई कष्ट न हो।
देश के विकास पर पीएम का जोर
पीएम मोदी ने अपने भाषण में कहा कि विकसित भारत की यात्रा में बीते वर्ष देश के लिए विकास के साल रहे हैं। उन्होंने बताया कि समाज के हर वर्ग में बदलाव आया है और देश सही दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है।
प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत का युवा टैलेंट पूल विश्व स्तर पर मान्यता प्राप्त कर रहा है। साइंस, स्पेस और स्पोर्ट्स जैसे हर क्षेत्र में भारत आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ रहा है। कोविड के बाद दुनिया की स्थिति अभी भी अस्थिर है, लेकिन भारत ने ग्लोबल साउथ की भूमिका में खुद को मजबूत किया है।
अर्थव्यवस्था और बैंकिंग सुधार
पीएम ने बताया कि भारत की अर्थव्यवस्था तेजी से उभर रही है। 2014 से पहले बैंकिंग प्रणाली कमजोर थी और गरीबों को लोन नहीं मिलता था। उन्होंने कहा कि सरकारी बैंकों का मर्जर और सुधार करके उन्हें स्वस्थ किया गया, जिससे NPA स्तर घटकर 1% से भी नीचे आ गया। मुद्रा योजना और MSME सेक्टर के लोन से देश के युवा और व्यवसायिक वर्ग को मजबूती मिली है।
PSU और ट्रेड डील्स
पीएम मोदी ने PSU सेक्टर में सुधार और मेक इन इंडिया के तहत बड़े ऑर्डर मिलने की बात कही। उन्होंने बताया कि भारत ने 27 देशों और यूरोपियन यूनियन के साथ ट्रेड डील्स की हैं, जिससे भारत वैश्विक मंच पर अपनी जगह मजबूत कर रहा है।
टीएमसी और कांग्रेस पर निशाना
पीएम मोदी ने टीएमसी और कांग्रेस पर तंज कसते हुए कहा कि घुसपैठ और भ्रष्टाचार के लिए जिम्मेदार लोगों को जवाब देना पड़ेगा। उन्होंने बताया कि देश की स्थिति पहले कैसी थी और अब भारत तीसरे नंबर की अर्थव्यवस्था बनने की राह पर है।
लोकसभा में संबोधन टला था
बता दें कि संसद के बजट सत्र में लगातार हंगामे के कारण पीएम मोदी का लोकसभा में बुधवार को धन्यवाद प्रस्ताव पर भाषण स्थगित कर दिया गया था। गुरुवार को राज्यसभा में उन्होंने यह भाषण देकर अपने विचार जनता और सांसदों के सामने रखे।

